Himachal Weather: ऊंचाई वाले भागों में भारी बर्फबारी जारी, लाहौल-पांगी में स्कूल बंद, सैकड़ों सड़कें ठप
प्रदेश के ऊपरी इलाकों में ऑरेंज अलर्ट के बीच भारी बर्फबारी का दाैर जारी है। वहीं शिमला सहित अन्य क्षेत्रों में बारिश हो रही है। मणिकर्ण घाटी में भूस्खलन से जीरा नाला का प्रवाह रुक गया है। इससे गांव व पावर प्रोजेक्ट को खतरा पैदा हो गया है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
मौसम विभाग के अलर्ट के बीच हिमाचल के कई क्षेत्रों में भारी बारिश-बर्फबारी हो रही है। कुल्लू और लाहौल में हिमखंड गिरे हैं। बारिश-बर्फबारी और भूस्खलन के चलते चार नेशनल हाईवे समेत प्रदेश में लगभग 250 सड़कें बंद हो गई हैं। मौसम के बदले मिजाज के चलते लाहौल और पांगी में वीरवार को स्कूल बंद कर दिए गए। लाहौल में शुक्रवार को भी शिक्षण संस्थान बंद रहेंगे। सोलन और धर्मशाला में पुलिस भर्ती स्थगित कर दी गई है। नारकंडा-कुफरी समेत लाहौल-स्पीति, किन्नौर, चंबा, शिमला और सिरमौर के कई इलाके बर्फ से लकदक हो गए हैं। पांगी घाटी ने बर्फ की मोटी चादर ओढ़ ली है। वीरवार को मनाली और पहाड़ों की रानी शिमला में भी बर्फ के फाहे गिरे। मौसम विभाग ने अगले 24 घंटों के दौरान प्रदेश के कई इलाकों में भारी बारिश-बर्फबारी की चेतावनी जारी की है।
हिमाचल में ऑरेंज अलर्ट के बीच वीरवार को कुल्लू जिले के तिंदी नाले और लाहौल-स्पीति के धुंधी पुल के समीप हिमखंड गिरकर सड़कों पर आ गए। हिमखंड गिरने से व बर्फबारी के चलते एनएच-5 मनाली-लेह और एनएच-305 आनी-कुल्लू जलोड़ी दर्रे के अलावा भरमौर-पठानकोट और शिमला-रामपुर एनएच बंद रहा। लाहौल-स्पीति और किन्नौर में भारी बर्फबारी हो रही है। कुल्लू, सिरमौर, चंबा के ऊपरी इलाकों और शिमला के नारकंडा और कुफरी में भी हिमपात हुआ है। मनाली एवं शिमला में शाम के समय फाहे गिरे। हिमाचल के ज्यादातर जिलों में बादल झमाझम बरसे। राजधानी शिमला सहित प्रदेश के अधिकांश क्षेत्रों में बुधवार देर रात से शुरू हुआ बारिश का दौर वीरवार को दिन भर जारी रहा। अटल टनल रोहतांग, धुंधी और सोलंगनाला में वीरवार देर शाम तक बर्फबारी होती रही।
लाहौल-स्पीति में बिजली के तार क्षतिग्रस्त होने से 50 से अधिक ट्रांसफार्मर अभी बंद हैं। चंबा जिले में बारिश और बर्फबारी से 39 सड़कें बंद हैं। 154 ट्रांसफार्मर बंद होने से 810 गांवों में अंधेरा पसरा हुआ है। चंबा-जोत मार्ग पर भी भूस्खलन हुआ है। इससे मार्ग दो घंटे तक बंद रहा। कांगड़ा में वीरवार को बारिश का दौर जारी रहा। धौलाधार के पहाड़ों ने भी बर्फ की सफेद चादर ओढ़ ली है। बर्फबारी के कारण नारकंडा में एनएच पांच यातायात के लिए अवरुद्ध हो गया है। किन्नौर जिले की 10 ग्रामीण सड़कें बाधित हो गई हैं। जिला कुल्लू के जलोड़ी जोत पर एक फीट तक हिमपात हुआ है। सिरमौर के चूड़धार में तीन फीट बर्फबारी हुई। बिलासपुर जिले में वीरवार को अच्छी बारिश हुई, इससे किसानों ने राहत की सांस ली है। शिमला-चौपाल मार्ग भी बर्फबारी के चलते खिड़की के पास बंद हो गया है।
चंबा जिले में 165 गांव में बिजली आपूर्ति बाधित
चंबा जिले में बारिश-बर्फबारी से लोगों की दुश्वारियां बढ़ गई हैं। जिले की 45 सड़कों पर यातायात ठप है। वहीं भारी बारिश के कारण जगह-जगह बिजली की लाइन टूटने, ट्रांसफार्मर बंद होने से 165 गांव में अंधेरा पसरा हुआ है। जनजातीय क्षेत्र पांगी में आधे फीट से लेकर एक फीट तक बर्फबारी होने से लोग अपने घरों में ही दुबकने को मजबूर हैं। क्षेत्र में जारी बर्फबारी के चलते आवासीय आयुक्त पांगी ने गुरुवार को सभी शिक्षण संस्थान बंद रखने के निर्देश जारी किए हैं। विद्यार्थियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह फैसला लिया गया है।
बर्फबारी के बीच धुंधी में हिमखंड गिरा
अटल टनल रोहतांग, धुंधी, सोलंगनाला में बर्फबारी हो रही है जबकि निचले इलाके में जमकर बारिश हो रही है। धुंधी में गुरुवार को हिमस्खलन हुआ, इससे मनाली-लेह मार्ग यातायात के लिए बंद हो गया। दूसरे दिन भी अटल टनल पर्यटकों के लिए बंद रही। पर्यटकों के सामान्य वाहन नेहरूकुंड तक भेजे गए, जबकि फोर बाई फोर वाहन सोलंगनाला तक छोड़े। धुंधी पुल के समीप पहाड़ी से बर्फ सड़क पर आ गई। कई फुट बर्फ सड़क पर आने से मनाली-लेह मार्ग सभी प्रकार के वाहनों के लिए बंद हो गया है। गनीमत यह रही कि उस दौरान सड़क पर कोई नहीं था, अन्यथा बड़ा हादसा भी हो सकता था।
दो दिन भारी बारिश-बर्फबारी का ऑरेंज अलर्ट
माैसम विज्ञान केंद्र शिमला के अनुसार प्रदेश में लगातार 5 मार्च तक बारिश-बर्फबारी का पूर्वानुमान है। 27 और 28 फरवरी को अधिकांश स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश-बर्फबारी तथा कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश-बर्फबारी होने का ऑरेंज अलर्ट है। विभाग के अनुसार अगले 24 घंटों के दौरान किन्नौर, लाहाैल-स्पीति जिलों में एक दो स्थानों पर बहुत भारी बर्फबारी का अलर्ट है। मंडी, शिमला, कांगड़ा, कुल्लू, सिरमौर जिलों में एक दो स्थानों पर भारी बारिश-बर्फबारी होने की संभावना है| 1,2 व 5 मार्च को एक-दो स्थानों पर हल्की बारिश-बर्फबारी की संभावना है। 3 व 4 मार्च राज्य के कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश-बर्फबारी की संभावना है। राज्य के कई भागों में 28 फरवरी तक न्यूनतम तापमान में 1-2 डिग्री सेल्सियस की वृद्धि तथा अधिकतम तापमान में 3-4 डिग्री सेल्सियस की गिरावट होने की संभावना है। 27 और 28 फरवरी को मैदानी-निचले पहाड़ी और मध्य पहाड़ी क्षेत्रों में अलग-अलग स्थानों पर ठंडा दिन रहने की संभावना है।
लाहौल-स्पीति समेत चार जिलों में हिमखंड गिरने की चेतावनी
रक्षा भू-सूचना विज्ञान अनुसंधान प्रतिष्ठान (डीजीआरई) मुख्यालय चंडीगढ़ ने लाहौल-स्पीति समेत चार जिलों में हिमखंड गिरने की चेतावनी जारी की है। डीजीआरई से जारी अलर्ट के मुताबिक चंबा, लाहौल-स्पीति, किन्नौर और कुल्लू में 7,546 फीट तक ऊंचाई वाले क्षेत्रों में मीडियम डेंजर लेवल के हिमखंड गिर सकते हैं। दरअसल एक सप्ताह पहले इन इलाकों में हिमपात हुआ था जो अब ठोस बर्फ में तब्दील हो चुका है। ऐसे में यह ताजा बर्फ पहले के ठोस बर्फ के ऊपर से फिसलकर हिमखंड के रूप में गिर सकती है। हालांकि रिहायशी इलाके इन संभावित हिमखंड की जद से दूर और सुरक्षित हैं। एसडीएम एवं जिला आपदा प्रबंधन प्रभारी रजनीश शर्मा ने कहा कि डीजीआरई की चेतावनी के बाद लोगों को इस संदर्भ में अलर्ट करते हुए बेवजह यात्रा न करने की हिदायत जारी की गई है।
कहां कितना न्यूनतम तापमान, बारिश-बर्फबारी
शिमला में न्यूनतम तापमान 6.8, सुंदरनगर 11.7, भुंतर 9.0, कल्पा 0.6, धर्मशाला 4.4, ऊना 11.5, नाहन 11.4, केलांग -2.1, पालमपुर 9.0, सोलन 9.0, मनाली 5.1, मंडी 12.5, बिलासपुर 14.4, कांगड़ा 14.0, चंबा 11.3, डलहाैजी 7.3, कुकुमसेरी -0.2, भरमाैर 5.0, सेऊबाग 5.8, पांवटा साहिब 16.0, सराहन 0.5 व ताबो में -4.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। सलूणी 32.4, कोठी 30.0, सराहन 29.1, भावानगर 23.8, सेऊबाग 22.2, मनाली 19.0, बंजार 18.2, भरमौर 17.0, जोत 16.0, छतराड़ी 15.5, गोहर 15.0, जुब्बल 13.2, करसोग 12.1, भुंतर 10.8, रोहड़ू 10.0, शिलारो 9.0, रामपुर, चंबा और पालमपुर 8.0 , सांगला 6.4, कोटखाई 6.3, धर्मशाला 6.0, चौपाल 5.6, बैजनाथ और मंडी 5.0 व कंडाघाट में 4.2 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। वहीं कोकसर में 36.9, गोंदला 25.0, केलांग 20.0, खदराला 12.0, कुकुमसेरी 9.6, हंसा 8.0 व कल्पा में 3.4 सेंटीमीटर बर्फबारी हुई है।
मणिकर्ण घाटी में भूस्खलन से जीरा नाला का प्रवाह रुका
कुल्लू जिले की मणिकर्ण घाटी में तोष गांव के पीछे भूस्खलन से जीरा नाला का प्रवाह रुक गया है। इस कारण तोष गांव और एक पावर प्रोजेक्ट को खतरा पैदा हो गया है। जानकारी के अनुसार क्षेत्र में संभावित खतरे को देखते हुए प्रशासन ने लोगों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाने का क्रम शुरू कर दिया है। प्रशासन और जिला आपदा प्रबंधन की ओर से नाले के किनारे संवेदनशील क्षेत्रों के लोगों को सुरक्षित स्थानों की ओर ले जाने का काम शुरू कर दिया है।
माैसम विज्ञान केंद्र शिमला के निदेशक ने ये कहा
माैसम विज्ञान केंद्र शिमला के निदेशक कुलदीप श्रीवास्तव ने कहा कि 27 व 28 फरवरी को कांगड़ा, शिमला, कुल्लू, मंडी व लाहाैल-स्पीति में भारी बर्फबारी के आसार हैं। 1 मार्च से माैसम में कुछ सुधार आने की संभावना है। लेकिन 3 मार्च को अधिकांश स्थानों पर फिर बारिश-बर्फबारी की संभावना है। 5 मार्च के बाद माैसम खुलने की संभावना है। कहा कि राज्य में विंटर सीजन में सामान्य से 61 फीसदी कम बारिश हुई है। फरवरी महीने में सामान्य से 41 फीसदी कम बारिश दर्ज की गई है।