Himachal: इस साल का 10,307.59 करोड़ बढ़ गया बजट, सीएम ने सदन में पेश की अनुपूरक अनुदान मांगों की किस्त
यह अनुपूरक मांगें 10,307.59 करोड़ रुपये की हैं, जिनमें से 7,267.41 करोड़ राज्य और 3,040.18 करोड़ रुपये केंद्रीय प्रायोजित स्कीमों के लिए हैं।
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मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने गुरुवार को सदन में वित्तीय वर्ष 2023-24 के लिए अनुपूरक अनुदान मांगों की प्रथम और अंतिम किस्त प्रस्तुत की। यह अनुपूरक मांगें 10,307.59 करोड़ रुपये की हैं, जिनमें से 7,267.41 करोड़ राज्य और 3,040.18 करोड़ रुपये केंद्रीय प्रायोजित स्कीमों के लिए हैं। यानी वित्तीय वर्ष 2023-24 का बजट 10,307.59 करोड़ रुपये बढ़ गया, जो 53,413 करोड़ रुपये पारित किया गया था। वेज एवं मींस और ओवरड्राफ्ट के लिए राज्य की स्कीमों के तहत 3,367.76 करोड़, जलापूर्ति एवं मल निकासी योजनाओं के लिए 696.44 लाख, पेंशन और अन्य सेवानिवृत्ति लाभ के लिए 598.71 करोड़, हिमाचल पथ परिवहन निगम के लिए सहायता को 442.09 लाख, विद्युत उपदान और एचपीपीसीएल को ऋण के लिए 372.66 करोड़ और 279.32 करोड़ रुपये अस्पतालों के निर्माण, हिमकेयर योजना और मुख्यमंत्री चिकित्सा सहायता कोष के लिए जुटाए गए हैं। 215.02 लाख रुपये सड़कों, पुलों, 110.76 लाख रुपये बहुउद्देशय भवनों, मिनी सचिवालयों, द्वारिका, नई दिल्ली में राज्य अतिथि गृह के निर्माण, कार्यालय भवनों के रखरखाव, 110.67 करोड़ रेल परियोजनाओं, 102.47 करोड़ 15वें वित्तायोग, अम्रुत के अंतर्गत शहरी स्थानीय निकायों को सहायता अनुदान, ढली सुरंग और खलीनी फ्लाईओवर के निर्माण के लिए प्रावधान किया है।
96.25 करोड़ ब्याज अदायगियों, 87.26 करोड़ बहुतकनीकी कॉलेजों, आईटीआई, वरिष्ठ माध्यमिक पाठशालाओं, कॉलेज भवनों के निर्माण, वेतन अदायगी के लिए, 80.85 करोड़ रुपये आपदा प्रभावित परिवारों के पुनर्वास, सलापड़ में एनडीआरएफ के भवन के पुनर्निर्माण, 71.18 करोड़ एचपी शिवा परियोजना, कीटनाशकों की खरीद, 63.87 करोड़ मुख्यमंत्री सुख आश्रय कोष, महिलाओं के लिए सामाजिक सुरक्षा पेंशन और मृतक कर्मचारियों के आश्रितों को अनुग्रह अनुदान, 61.79 करोड़ पुलिस बल के आधुनिकीकरण, पुलिस थानों में सीसीटीवी कैमरे लगाने और मजदूरी के लिए रखे गए हैं।
57.45 लाख वन विभाग की एकीकृत विकास परियोजना और जीका प्रोजेक्ट के लिए, 55.95 करोड़ प्राकृतिक आपदा राहत, 47.43 करोड़ कौशल विकास निगम को अनुदान व राजीव गांधी स्वरोजगार स्टार्टअप योजना को लागू करने और 38.45 करोड़ चुनाव पूर्व लंबित दायित्व और आगामी लोकसभा चुनाव की तैयारियों के लिए हैं। 1,590.52 करोड़ एनडीआरएफ से प्राप्त आपदा प्रबंधन के लिए, 525 करोड़ प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना, 207.23 करोड़ रेणुकाजी बांध विस्थापितों को मुआवजे, 171.31 करोड़ स्टार्स प्रोजेक्ट, 149.49 करोड़ स्मार्ट सिटी मिशन शिमला, 50.70 लाख प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना, 48.98 करोड़ स्मार्ट सिटी मिशन धर्मशाला, 48.34 करोड़ केंद्रीय सड़क निधि, 45.94 करोड़ राष्ट्रीय आयुष मिशन आदि के लिए प्रावधान किया गया है।