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शिक्षक महासंघ: पंजाब की तर्ज पर 15 फीसदी बढ़ोतरी के साथ लागू हो वेतनमान

Mon, 17 Jan 2022 05:14 PM IST
Krishan Singh अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला Published by: Krishan Singh Updated Mon, 17 Jan 2022 05:14 PM IST
सार

अखिल भारतीय राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ के राष्ट्रीय सचिव पवन मिश्रा और शिक्षक महासंघ के प्रांत महामंत्री डॉ. मामराज पुंडीर ने बताया कि मुख्यमंत्री ने प्रदेश के सभी कर्मचारियों की वेतन से संबंधित समस्याओं को दूर करने का आश्वासन दिया है।

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himachal shikshak mahasangh: Pay scale should be implemented with 15 percent hike on the lines of Punjab
हिमाचल शिक्षक महासंघ - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

हिमाचल प्रदेश शिक्षक महासंघ ने पंजाब की तर्ज पर 15 फीसदी बढ़ोतरी के साथ वेतनमान को प्रदेश में लागू करने की मांग की है। महासंघ के प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री और मुख्य सचिव से मुलाकात वेतन विसंगतियों को लेकर हिमाचल और पंजाब के वेतनमान की तुलनात्मक रिपोर्ट सौंप कर पूरे मामले से अवगत कराया। अखिल भारतीय राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ के राष्ट्रीय सचिव पवन मिश्रा और शिक्षक महासंघ के प्रांत महामंत्री डॉ. मामराज पुंडीर ने बताया कि मुख्यमंत्री ने प्रदेश के सभी कर्मचारियों की वेतन से संबंधित समस्याओं को दूर करने का आश्वासन दिया है। शिक्षक महासंघ के प्रांत महामंत्री डॉ. मामराज पुंडीर ने मुख्यमंत्री से मांग करते हुए कहा कि पंजाब की तर्ज पर हिमाचल प्रदेश में भी 2.25, 2.59 और 15 प्रतिशत की बढ़ोतरी के साथ वेतनमान को लागू किया जाए।

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कर्मचारियों को आप्शन चुनने की एक महीने की अवधि को बढ़ाया जाए। पंजाब में लागू वेतनमान को हिमाचल में यथावत लागू किया जाए। प्रदेश में एक जनवरी 2016 में नियुक्त सभी वर्ग के अध्यापकों को पंजाब की तर्ज पर इनिशियल स्केल दिया जाए। मुख्यमंत्री को बताया कि हिमाचल प्रदेश के कर्मचारियों को भत्ते पंजाब के आधार पर नहीं दिए जाते हैं। इस कारण प्रदेश का कर्मचारी पिछड़ता जा रहा है। पुंडीर ने कहा कि प्रदेश में कंप्यूटर और एसएमसी अध्यापकों का वर्ग ऐसा भी है जिनको पिछले 20 वर्ष और 10 वर्ष की सेवा के बाद भी करीब दस हजार वेतन ही दिया जा रहा है। महासंघ ने इन शिक्षकों के लिए नीति बना कर इन्हें नियमित अध्यापक के बराबर वेतन देने का प्रावधान करने की मांग भी रखी।

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