फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Himachal HRTC News: HRTC Spare Parts E-Inventory will be Set Up Soon

HRTC: कलपुर्जों की कमी से नहीं हांफेंगी एचआरटीसी की बसें, बनेगी ई-इनवेंट्री

Fri, 11 Aug 2023 10:43 AM IST
अरविन्द ठाकुर अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला Published by: अरविन्द ठाकुर Updated Fri, 11 Aug 2023 10:43 AM IST
सार

कलपुर्जों की कमी से बसों का संचालन प्रभावित न हो, इसके लिए ई-इनवेंट्री तैयार की जा रही है। इसकी मदद से बसों के खराब होने पर कलपुर्जे तुरंत उपलब्ध होंगे।

विज्ञापन
Himachal HRTC News: HRTC Spare Parts E-Inventory will be Set Up Soon
फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

एचआरटीसी (हिमाचल पथ परिवहन निगम) की बसों में सफर करने वाले यात्रियों के लिए राहत भरी खबर है। कलपुर्जों की कमी से अब निगम की बसें रूटों पर नहीं हांफेंगी। अगर बस खराब भी हो जाए तो कम समय में ही इसे संचालन के लिए तैयार कर दिया जाएगा। कलपुर्जों की कमी से पार पाने के लिए पहली बार निगम प्रबंधन ई-इनवेंटरी (ऑनलाइन वस्तु सूची) तैयार करवा रहा है।

विज्ञापन


परिवहन निगम की तारादेवी, मंडी, जसूर और परवाणू स्थित मंडलीय कार्यशालाओं के अलावा यूनिट स्तर की सभी कार्यशालाओं को ऑनलाइन आपस में जोड़ा जा रहा है। निगम के अधिकारी एक क्लिक पर कार्यशालाओं में उपलब्ध कलपुर्जों के स्टॉक की जांच कर सकेंगे। इतना ही नहीं, कार्यशालाओं में कलपुर्जे खत्म होने से पहले ही ई-इनवेंट्री के जरिये अधिकारियों को अलर्ट मिल जाएगा।
विज्ञापन


बिना समय गवाएं तुरंत खरीद प्रकिया शुरू होगी और स्टॉक खत्म होने से पहले ही नया स्टॉक कार्यशालाओं में पहुंच जाएगा। निगम के विभिन्न डिपुओं में 200 से अधिक बसें बिना कलपुर्जों के धूल फांक रही हैं। बसों के ब्रेक ड्रम, गीयर बॉक्स, टायर रॉड सहित अन्य कलपुर्जे उपलब्ध न होने से बसों को चलाने में दिक्कतें पेश आ रही हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


ई-इनवेंट्री से दूर होगी कलपुर्जों की कमी : रोहन
कलपुर्जों की कमी से बसों का संचालन प्रभावित न हो, इसके लिए ई-इनवेंट्री तैयार की जा रही है। इसकी मदद से बसों के खराब होने पर कलपुर्जे तुरंत उपलब्ध होंगे। कलपुर्जे खत्म होने से पहले ही कार्यशालाओं में उपलब्ध होंगे, जिससे बसों की मरम्मत का काम प्रभावित नहीं होगा। - रोहन चंद ठाकुर, प्रबंध निदेशक, एचआरटीसी


एबीसी विश्लेषण पर आधारित होगी इन्वेंट्री
एबीसी विश्लेषण इन्वेंट्री को तीन श्रेणियों में विभाजित करता है, जिसमें ए आइटम महत्व और कीमत के आधार पर सबसे महत्वपूर्ण और सी आइटम सबसे कम महत्वपूर्ण होती है। एबीसी विश्लेषण का उपयोग यह निर्णय लेने में मदद करता है कि स्टॉक स्तर और किन इन्वेंट्री वस्तुओं को प्राथमिकता दी जानी चाहिए।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed