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कंप्यूटर शिक्षकों के चेहरे पर लौटी रौनक, 14 साल बाद मिली राहत
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला
Updated Mon, 07 Aug 2017 11:58 AM IST
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14 साल बाद प्रदेश सरकार ने कंप्यूटर शिक्षकों को बड़ी राहत दी है। कंप्यूटर शिक्षक संघ लंबे समय से नीति बनाने की मांग कर रहा था। इनके हितों को ध्यान में रखते हुए सरकार ने पीजीटी (आईटी) के भर्ती एवं पदोन्नति नियमों को निरस्त करने के साथ-साथ लोक सेवा आयोग के दायरे से भी बाहर कर दिया है।
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इन शिक्षकों को सरकारी सेवाओं में लाने के लिए कमेटी गठित करने का फैसला लिया है। उच्च शिक्षा निदेशक की मौजूदगी में इन शिक्षकों के लिए नीति बनेगी। युवा कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष विक्रमादित्य ने सरकार के इस फैसले का स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि युवा कांग्रेस ने कंप्यूटर शिक्षकों के इस मामले को प्रमुखता से मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह के समक्ष उठाया था।
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उन्होंने शिक्षकों को बधाई देते हुए कहा कि मांग पूरी होने में समय लगा है। अब शिक्षकों का भविष्य सुरक्षित होगा। कंप्यूटर शिक्षक संघ के अध्यक्ष जगदीश शर्मा ने मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह और युवा कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष विक्रमादित्य का आभार जताया है।
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उन्होंने कहा कि कंप्यूटर शिक्षक संघ एक सम्मेलन आयोजित करने जा रहा है। इसको लेकर मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह और विक्रमादित्य सिंह से समय लिया जा रहा है। उन्होंने सरकार ने जल्द ही कैबिनेट के इस फैसले की अधिसूचना जारी करने की मांग की है।