{"_id":"5f5f9d608ebc3e5a8f609fb5","slug":"himachal-govt-did-not-give-10-percent-share-in-disaster-management","type":"story","status":"publish","title_hn":"हिमाचल सरकार ने आपदा प्रबंधन में नहीं दिया 10 फीसदी हिस्सा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हिमाचल सरकार ने आपदा प्रबंधन में नहीं दिया 10 फीसदी हिस्सा
Tue, 15 Sep 2020 05:00 AM IST
Krishan Singh
अमर उजाला नेटवर्क, शिमला
अमर उजाला नेटवर्क, शिमला
Published by: Krishan Singh
Updated Tue, 15 Sep 2020 05:00 AM IST
विज्ञापन
भारत के नियंत्रक महालेखा परीक्षक
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
भारत के नियंत्रक महालेखा परीक्षक की रिपोर्ट में खुलासा हुआ है कि हिमाचल सरकार ने आपदा प्रबंधन के लिए अपने हिस्से की दस फीसदी राशि उपलब्ध नहीं कराई। प्रदेश सरकार को 31 मार्च, 2019 तक केंद्र सरकार से 227.29 करोड़ की राशि राष्ट्रीय आपदा निधि के तहत मिली थी। केंद्र और राज्य सरकार की हिस्सेदारी 90: 10 फीसदी की थी। कुल 227.24 करोड़ व्यय किए।
विज्ञापन
राज्य सरकार ने 1.92 करोड़ कोष में नहीं दिए और 15 लाख के ब्याज की क्षति हुई है। रिपोर्ट में उल्लेख किया है कि यदि इस निधि को सरकार ने निवेश किया होता तो 15 लाख रुपये का ब्याज मिला होता। इसमें कहा गया है कि 13वें वित्तायोग ने अनुशंसाओं में राज्य आपदा निधि का प्रावधान किया था। दिशा-निर्देशों के अनुसार केंद्र और राज्य सरकार को 90 अनुपात 10 के हिसाब से निधियों में अंशदान देना अनिवार्य था। वर्ष 2018-2019 में राज्य सरकार ने राज्य आपदा निधि के रूप में केंद्र से 245.70 करोड़ यानी 90 फीसदी प्राप्त किए थे। राज्य सरकार ने अपने हिस्से के 27.35 करोड़ देन थे परंतु सरकार ने सिर्फ 26 करोड़ की राशि दी।
विज्ञापन