नड्डा ने साधा निशाना, बोले- मूल गड़बड़ तो मंत्री, अफसर भ्रष्ट ही होंगे
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केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जगत प्रकाश नड्डा ने सीएम वीरभद्र सिंह को भ्रष्टाचार और कानून व्यवस्था पर घेरा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस का कुनबा बिखर चुका है। किसी में कोई नैतिक ताकत नहीं है। चुनाव से पहले जनता को लुभाने के लिए घोषणाओं पर घोषणाएं की गईं। लगवैली के भल्याणी गांव स्थित मैदान में जनसभा को संबोधित करते हुए नड्डा ने कहा कि यदि मूल ही गड़बड़ हो तो मंत्री, कारिंदे और अधिकारी भ्रष्ट होंगे।
गुड़िया कांड में प्रदेश के मुखिया अभियुक्त को बचाने में लगे रहे। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि थाने गवाह को मारने के लिए नहीं होते हैं। प्रदेश का मुखिया कोर्ट कचहरी के चक्कर काट रहे हैं। भ्रष्टाचार में संलिप्त हैं। कांग्रेस पार्टी को नैतिक ताकत होनी चाहिए कि ऐसे सीएम को पद से हटाएं, लेकिन सीएम समेत अन्य सब जमानती हैं।
नेताओं के दबाव में एक अधिकारी के कब्जे से मिले चिट्टे को चूना बना दिया गया। जनता को गुमराह करने की कोशिश की जाएगी। जात-पात, इलाके के नाम पर मत नहीं पड़ेंगे। कांग्रेस का मुद्दा कभी विकास युक्त सरकार बनाना नहीं रहा है। भाजपा के सीएम पानी और सड़कों के नाम से जाने जाते हैं।
कोर्ट में गुजरता है वीरभद्र का वक्त: धूमल
कांगड़ा। पूर्व मुख्यमंत्री प्रो. प्रेम कुमार धूमल ने कहा कि परिवर्तन की लहर पूरे प्रदेश में चल रही है और केंद्र के बाद अब प्रदेश में भाजपा सत्तासीन होने जा रही है।
मटौर में पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि वीरभद्र सिंह की लोकप्रियता का पता इसी बात से लगाया जा सकता है कि वह अपनी पत्नी को भी लोकसभा चुनाव में नहीं जीता सके थे।
बेरोजगारों को भत्ता देने के नाम पर युवाओं से मजाक किया गया। सेवानिवृत्त परिवहन पेंशनरों को पेंशन नहीं मिल रही है। प्रदेश के मुखिया का अधिकतर समय न्यायालय में ही गुजरता है। तो ऐसे विकास की उम्मीद नहीं की जा सकती है।
उन्होंने कहा कि सीएम हर जगह कहते फिर रहे हैं कि भाजपा ने झूठे मामले बनाए हैं, जबकि सत्य यह है कि उन पर मामला उस वक्त बना था जब वीरभद्र यूपीए सरकार में केंद्र में मंत्री थे।
उन्होंने कहा कि मोदी ने पीएम बनने के बाद हिमाचल को 66 नेशनल हाईवे दिए , जिन पर 70 हजार करोड़ रुपये खर्च होंगे।