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धर्मशाला: सोनम बोले- सही टर्मिनोलॉजी से होगी तिब्बत मसले की मजबूत पैरवी
Tue, 28 Mar 2023 10:07 PM IST
Krishan Singh
संवाद न्यूज एजेंसी, धर्मशाला
संवाद न्यूज एजेंसी, धर्मशाला
Published by: Krishan Singh
Updated Tue, 28 Mar 2023 10:07 PM IST
सार
स्पीकर खेनपो सोनम तेम्फेल ने तिब्बत मसले को लेकर समर्थन जुटाने के लिए एडवोकेसी के महत्व को रेखांकित किया। इस दौरान उन्होंने विशेष तौर पर तिब्बत मसले को लेकर समर्थन जुटाने के लिए तिब्बत के इतिहास, राजनीतिक स्थिति और अंतरराष्ट्रीय कानूनों के महत्व को समझाया।
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निर्वासित तिब्बत संसद के स्पीकर खेनपो सोनम तेम्फेल
- फोटो : संवाद
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विस्तार
तिब्बत मसले को उठाने के लिए किए जा रहे प्रयासों में मजबूती देने के लिए निर्वासित तिब्बत संसद ने मंगलवार को तीन दिवसीय अहम बैठक की शुरुआत की है। यह बैठक तिब्बत मामलों के जानकार प्रो. मिशेल वान और माइक बील्टीज की देखरेख में हो रही है। स्पीकर खेनपो सोनम तेम्फेल ने तिब्बत मसले को लेकर समर्थन जुटाने के लिए एडवोकेसी के महत्व को रेखांकित किया। इस दौरान उन्होंने विशेष तौर पर तिब्बत मसले को लेकर समर्थन जुटाने के लिए तिब्बत के इतिहास, राजनीतिक स्थिति और अंतरराष्ट्रीय कानूनों के महत्व को समझाया।
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उन्होंने बताया कि तिब्बत मसले की वकालत करते समय उचित टर्मिनोलॉजी का इस्तेमाल किया जाना जरूरी है। इस दौरान तिब्बत-चीन संघर्ष की प्रकृति को समझने का भी प्रयास किया गया। बैठक में इस विषय पर भी गंभीरता के साथ चर्चा की गई कि कैसे तिब्बत का इतिहास क्यों मायने रखता है और तिब्बती इतिहास के किन प्रमुख पहलुओं का समझना बेहद जरूरी है।
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