मोदी-शाह के हिमाचल दौरे के बाद अब वीरभद्र भी तैयार, बुलाई बैठक
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सूबे में भाजपा की गतिविधियां बढ़ने के साथ ही प्रदेश सरकार ने भी विधानसभा चुनावों के लिए कमर कसनी शुरू कर दी है। शनिवार को बुलाई गई विधायक दल की बैठक इसी कड़ी में पहला कदम है। बैठक की अध्यक्षता मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह करेंगे।
बैठक में न सिर्फ भाजपा की चुनावी तैयारी और रणनीति का तोड़ तलाशने पर चर्चा होगी, बल्कि आगामी चुनाव को लेकर पार्टी की रणनीति पर भी मंथन होगा। इस दौरान मुख्यमंत्री पार्टी विधायकों से सरकार के कामकाज और उस पर लोगों के फीडबैक की ग्राउंड रिपोर्ट भी ले सकते हैं।
इसके आधार पर वे अगले तीन महीने की विकास योजनाओं का खाका तैयार करेंगे। नाम न लिखने की शर्त पर मुख्यमंत्री के करीबी एक विधायक ने बताया कि हाल के दिनों में जिस तरह भाजपा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की रैली करवाई और खुद राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह प्रदेश में सक्रिय हुए हैं।
उससे विपक्षी पार्टी ने अभी से चुनावी तैयारी और चुनावी माहौल बनाना शुरू कर दिया है। संगठन सरकार की ढाल होता है, लेकिन प्रदेश में फिलहाल स्थिति अनुकूल नहीं है।
सीएम दे सकते हैं ये दिशा निर्देश
ऐेसे में मुख्यमंत्री खुद ही सरकार के कामकाज की समीक्षा कर चुनाव से पहले के अंतिम छह महीनों में बूथ स्तर पर पार्टी को खड़ा कर मजबूती देने के लिए निर्देश दे सकते हैं।
इसके अलावा विधायकों से लंबित घोषणाओं का ब्योरा मांगने के साथ उन्हें सरकार की सभी योजनाओं के बारे में लोगों को ज्यादा से ज्यादा जागरूक और जानकारी देने को भी कहा जाएगा। अगले महीनों में प्रस्तावित संगठन के चुनावों को लेकर भी मुख्यमंत्री दिशा-निर्देश दे सकते हैं।
पार्टी सूत्रों का कहना है कि चूंकि प्रदेश अध्यक्ष को हटाने और उनके कामकाज पर कई बार पहले भी मुख्यमंत्री सवाल उठाते रहे हैं। ऐसे में यह संभव है कि विधायकों के जरिये पार्टी में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए भी कुछ रणनीति तय की जाए।