शिमला में लोकायुक्त और प्रधान सचिव समेत कई अफसरों की गाड़ियों के चालान
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बिना परमिट राजधानी शिमला की प्रतिबंधित सड़कों पर गाड़ियां दौड़ाने पर लोकायुक्त, प्रधान सचिव टीसीपी और चीफ कंजरवेटर की गाड़ियों के चालान किए गए।
ट्रैफिक मजिस्ट्रेट शिमला एवं किन्नौर आर मेहुल शर्मा की अगुवाई में विधानसभा से बालुगंज सड़क पर लगाए नाके के दौरान यह कार्रवाई की गई। निरीक्षण के दौरान प्रधान सचिव (टीसीपी) की बिना परमिट गाड़ी का चालान किया गया।
ड्राइवर गाड़ी को बालूगंज की ओर ले जा रहा था। चंबा में शिक्षा विभाग के डिप्टी डायरेक्टर की गाड़ी भी बिना परमिट प्रतिबंधित सड़क पर दौड़ रही थी। इस गाड़ी का भी चालान किया गया।
विधानसभा की ओर से आ रही लोकायुक्त की गाड़ी को रोककर जब परमिट मांगा तो चालक परमिट नहीं दिखा सका। जब पूछा कि बिना परमिट इस सड़क पर गाड़ी क्यों लेकर आए तो ड्राइवर ने जवाब दिया ‘साहब ने बोला था’। इस गाड़ी का भी चालान किया गया।
टका बैंच-जाखू सड़क पर सुबह 7:30 बजे निरीक्षण
इसके बाद चीफ कंजरवेटर ऑफ फॉरेस्ट की झंडी लगी सफेद रंग की स्कॉरपियो गाड़ी के ड्राइवर से परमिट मांगा तो वह भी परमिट नहीं दिखा सका। इस गाड़ी का भी चालान किया गया।
निरीक्षण के दौरान भारी संख्या में दो पहिया वाहनों के भी चालान हुए। बिना परमिट पकड़े 80 वाहनों के चालान कर मौके पर ही करीब एक लाख रुपये जुर्माना वसूला गया।
ट्रैफिक मजिस्ट्रेट की अगुवाई में गुरुवार सुबह साढ़े सात बजे टका बैंच के पास भी नाका लगाया गया। इस दौरान बिना परमिट चलाई जा रही पांच प्राइवेट गाड़ियां पकड़ी गईं। सभी गाड़ियों के चालान किए गए।