फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Apple prices fell by Rs 50 to Rs 80 per kg in mandis of himachal

Himachal Apple Season: मंडियों में 50 से 80 रुपये किलो तक गिरे सेब के दाम, बागवान संगठनों ने ये कहा

Wed, 30 Aug 2023 09:10 AM IST
Krishan Singh अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला Published by: Krishan Singh Updated Wed, 30 Aug 2023 09:10 AM IST
सार

बागवान संगठनों का आरोप है कि अदाणी ने सेब खरीद के लिए कम रेट घोषित किए, जिससे मंडियों में भी दाम गिर गए। बागवान संगठनों का तर्क है कि इस साल सेब की फसल आधे से भी कम है। 

विज्ञापन
Apple prices fell by Rs 50 to Rs 80 per kg in mandis of himachal
सेब सीजन हिमाचल - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

अदाणी कंपनी की ओर से सेब खरीद शुरू करते ही मंडियों में सेब के दाम 50 से 80 रुपये प्रतिकिलो तक गिर गए हैं। अदाणी ने 24 अगस्त से सेब खरीद शुरू की है। शुरूआत में प्रीमियम क्वालिटी सेब 95 रुपये प्रति किलो खरीदा गया, जबकि मंडियों में प्रीमियम क्वालिटी सेब 150 से 160 रुपये किलो बिक रहा था। तीन दिन बाद रविवार को दामों में 10 रुपये प्रति किलो बढ़ोतरी कर प्रीमियम क्वालिटी सेब के दाम 105 रुपये प्रति किलो घोषित किए।

विज्ञापन


इस बीच मंडियों में सेब के दाम करीब 50 से 80 रुपये गिरकर 70 से 110 रुपये तक पहुंच गए। बागवान संगठनों का आरोप है कि अदाणी ने सेब खरीद के लिए कम रेट घोषित किए, जिससे मंडियों में भी दाम गिर गए। बागवान संगठनों का तर्क है कि इस साल सेब की फसल आधे से भी कम है। प्राकृतिक आपदा के चलते सड़कें टूटी हुई हैं, बागवान परेशान हैं और अदाणी ने सेब के दाम कम घोषित किए हैं।
विज्ञापन


कंपीटिशन एक्ट 2002 के तहत कार्रवाई करे सरकार : संजय
संयुक्त किसान मंच के सह संयोजक संजय चौहान का कहना है कि हर साल अदाणी के रेट खोलते ही मंडी गिर जाती है। अदाणी की मनमानी रोकने के लिए तुरंत कृषि बागवानी विशेषज्ञों और बागवान प्रतिनिधियों की कमेटी गठित की जाए। कंपीटिशन एक्ट 2002 के तहत कार्रवाई करते हुए विंड फॉल गेन के तहत अदाणी के मनमाने लाभांश पर नकेल कसी जाए।
विज्ञापन
विज्ञापन


अदाणी का बहिष्कार करें बागवान : सोहन
सेब उत्पादक संघ के अध्यक्ष सोहन ठाकुर ने बागवानों से अदाणी को सेब न देने का आह्वान किया है। सोहन ठाकुर का कहना है कि अदाणी बागवानों का शोषण करने पर उतारू है। अदाणी द्वारा सेब खरीद शुरू करने के बाद दामों में भारी गिरावट आ रही है। बागवान अपना सेब मंडियों में बेचें और अदाणी का बहिष्कार करें।

जब तक 150 रुपये रेट नहीं, तब तक बॉयकाट : संजीव
छौहारा वैली एपल सोसायटी के अध्यक्ष संजीव ठाकुर का कहना है कि बॉयकाट अदाणी मुहिम के तहत इस बार छौहारा वैली के बागवानों ने अदाणी को अपना सेब नहीं दिया है। जब तक प्रीमियम सेब का रेट 150 रुपये घोषित नहीं होता, बायॅकाट जारी रहेगा। अदाणी के चैंबर खाली रहेंगे तो वह दामों में बढ़ोतरी करेगा।

सेब खरीद के अब तक के सबसे ऊंचे रेट : अदाणी
अदाणी कंपनी के प्रतिनिधि ने दावा किया है कि सेब खरीद के अब तक के सबसे ऊंचे रेट जारी किए हैं। 105 रुपये प्रतिकिलो आज तक का सर्वाधिक रेट है। स्थानीय मंडियों की कीमतों के साथ प्रतिस्पर्धा बनाते हुए बीते साल से 29 रुपये अधिक दाम घोषित किए हैं। बागवानों को क्रेट उपलब्ध करवाए हैं ताकि पैकिंग का खर्चा खत्म हो। अगर यह खर्चा जोड़ें तो दाम 105 से बढ़कर 135 हो जाते हैं।


मौसम खुलते ही मंडियों में बढ़ी सेब की आमद
मंगलवार को मंडियों में करीब 1,22,781 पेटी सेब पहुंचा। भट्ठाकुफर मंडी में 18644, नारकंडा मंडी 20601, पराला मंडी 38903, मेंहदली मंडी में 41452, खड़ापत्थर में 2109 और टापरी मंडी में 1072 सेब की पेटियां बिक्री के लिए पहुंचीं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed