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केंद्र से उठाया एम्स निर्माण के लिए फॉरेस्ट क्लीयरेंस का मामला

Tue, 24 Jul 2018 02:06 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला Updated Tue, 24 Jul 2018 02:06 PM IST
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AIIMS in Bilaspur Forest clearance from center government

सरकार ने बिलासपुर के कोठीपुरा में बनने वाले एम्स निर्माण के लिए फॉरेस्ट क्लीयरेंस का मामला केंद्र सरकार से उठाया है। 1205 बीघा जमीन में एम्स का निर्माण होगा। कृषि विभाग की करीब 600 बीघा जमीन एम्स के नाम हो गई है, जबकि 425 बीघा जमीन वन महकमे की है। जमीन पर सैकड़ों पेड़ हैं।

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इन्हें हटाने को सरकार ने केंद्र सरकार को फाइल भेजी है। केंद्र से अनुमति मिलने के बाद जमीन एम्स के नाम हो जाएगी। पशुपालन विभाग की 116 बीघा जमीन अभी एम्स के नाम होनी बाकी है। केंद्रीय कैबिनेट ने 3 जनवरी, 2018 को हिमाचल के बिलासपुर में 1350 करोड़ की लागत से एम्स निर्माण को मंजूरी दी है।

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AIIMS in Bilaspur Forest clearance from center government
AIIMS - फोटो : File Photo

प्रधानमंत्री स्वास्थ्य सुरक्षा योजना के तहत बिलासपुर में 750 बिस्तरों वाला मेडिकल कॉलेज अस्पताल बनाया जाएगा। एम्स कॉलेज अस्पताल में 100 सीटें, जबकि नर्सिंग कॉलेज में 60 सीटें होंगी। लगभग 48 महीने में बनने वाले नए एम्स में 15 ऑपरेशन थियेटर के अलावा 20 स्पेशिएलिटी और सुपर स्पेशिएलिटी विभाग होंगे।

यहां एम्स की तर्ज पर आवासीय परिसर और सहयोगी सेवा केंद्र भी होंगे। चिकित्सा की परंपरागत पद्धति आयुर्वेद को बढ़ावा देने के लिए यहां 30 बिस्तरों वाला आयुष विभाग होगा।

बिलासपुर के कोठीपुरा में बनने वाले एम्स को लेकर सरकार गंभीर है। फॉरेस्ट क्लीयरेंस का मामला केंद्र से उठाया है। अन्य विभागों की जमीन को भी एम्स के नाम की जा रही है। - बीके अग्रवाल, अतिरिक्त मुख्य सचिव स्वास्थ्य

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