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पानी बिल और टैक्स जमा कराने को अब नहीं देने पड़ेंगे ज्यादा पैसे
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
Updated Thu, 11 Oct 2018 04:32 PM IST
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शहरवासियों को अब पानी का बिल और प्रॉपर्टी टैक्स आनलाइन जमा करवाने के लिए अतिरिक्त शुल्क नहीं चुकाना पड़ेगा। नगर निगम अपने नए गेटवे से जनता को निशुल्क आनलाइन सुविधा मुहैया करवाने जा रहा है। इसके लिए नगर निगम आयुक्त पंकज राय ने केंद्र के नेशनल पेमेंट कार्पोरेशन को पत्र लिखकर यह सुविधा मुहैया करवाने की मांग की है।
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नगर निगम ने अभी पानी बिल और टैक्स के आनलाइन भुगतान की सुविधा तो दी है लेकिन लोगों को आनलाइन भुगतान पर अतिरिक्त शुल्क चुकाना पड़ रहा है। शुल्क की दर 0.5 फीसदी है, लेकिन ज्यादा बिल होने पर यह दर बढ़ती जाती है। यह शुल्क गेटवे इस्तेमाल करने के एवज में संबंधित कंपनी और बैंक की ओर से वसूला जा रहा है। अब नगर निगम भारत बिल पेमेंट सिस्टम (बीबीपीएस) के जरिये आनलाइन सेवाओं संबंधी सभी सुविधाएं निशुल्क मुहैया करवाएगा।
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निगम प्रशासन के अनुसार भारत बिल पेमेंट सिस्टम एनपीसीआई ने डिजिटल पेमेंट को बढ़ावा देने के लिए ही विकसित किया है। केंद्र ने सभी बड़े महकमों में इसका इस्तेमाल अनिवार्य भी किया है। इस गेटवे पर सभी बैंक जुड़े हैं। लोगों को वॉलेट के जरिये भी पेमेंट की सुविधा मिलेगी।
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आनलाइन सुविधाओं का नहीं खत्म हो रहा ट्रायल
नगर निगम सात सुविधाओं को नए सिरे से आनलाइन भी करने जा रहा है। लेकिन पिछले दस माह से इन सेवाओं का सिर्फ ट्रायल ही चल रहा है। निगम ने एक अक्तूबर से इसे लागू करने का दावा किया था। लेकिन यह दावा फिर फेल हो गया। संबंधित कंपनी अब तक दर्जनों बार साफ्टवेयर की प्रेजेंटेशन दे चुकी है, लेकिन बार इसमें कमी रह जाती है। ऐसे में जनता को आनलाइन सुविधाओं के लिए लंबा इंतजार करना पड़ रहा है।
एनपीसीआई को भेज दिया है पत्र
भारत बिल पेमेंट सिस्टम के इस्तेमाल को लेकर एनपीसीआई को पत्र भेज दिया है। इससे जनता को सभी आनलाइन सुविधाएं निशुल्क मिल सकेंगी। निगम जल्द इसे शुरू करने जा रहा है। - पंकज राय, नगर निगम आयुक्त