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आईजीएमसी

Sun, 22 Oct 2017 10:36 PM IST
Updated Sun, 22 Oct 2017 10:36 PM IST
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आईजीएमसी
आईजीएमसी में स्क्रब टायफस से हफ्ते में दूसरी मौत
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शिमला। इंदिरा गांधी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में स्क्रब टायफस की चपेट में आए लोगों की मौत का सिलसिला थमने का नाम ही नहीं ले रहा है। अब शिमला के नजदीक जुन्गा के रहने वाले दिवाकर (68) की स्क्रब टायफस से मौत हो गई है। एक सप्ताह में यह दूसरा मामला है। आईजीएमसी के वरिष्ठ चिकित्सा अधीक्षक डॉ. रमेश चंद ने अस्पताल में स्क्रब टायफस से व्यक्ति की मौत की पुष्टि की है।
प्रदेश के सबसे बड़े अस्पताल में अब तक स्क्रब टायफस से मरने वाले लोगों की संख्या अठारह तक पहुंच गई है। जुन्गा के रहने वाले बुजुर्ग को 20 अक्तूबर को अस्पताल में लाया गया था। यहां पर मरीज को मेल मेडिसन वार्ड में दाखिल किया गया। उसकी हालत काफी खराब थी। डॉक्टरों ने उसका स्क्रब टायफस का टेस्ट करवाया। 21 अक्तूबर को टेस्ट रिपोर्ट आई थी, जिसमें मरीज को स्क्रब पॉजिटिव पाया गया। इस पर डॉक्टरों ने मरीज को अंडर आब्जरवेशन रखा था। लेकिन रविवार सुबह पौने दस बजे मरीज ने दम तोड़ दिया। उधर, विशेषज्ञ डॉक्टरों की मानें तो अक्तूबर माह के अंत तक इस तरह के मामले अस्पताल में आते रहेंगे।
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दूसरे वार्ट में भी दाखिल हैं स्क्रब के मरीज
आईजीएमसी में स्क्रब टायफस के कई मरीज दाखिल हैं। शनिवार को महिला वार्ड में रामपुर की एक लड़की को अस्पताल में दाखिल किया गया है। बताया जा रहा है कि उसे भी स्क्रब टायफस ने जकड़ रखा है। डॉक्टरों की निगरानी में लड़की का उपचार चल रहा है।
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छह दिन पहले भी हुई महिला की मौत
आईजीएमसी में एक सप्ताह के भीतर इस बीमारी से मौत का यह दूसरा मामला है। इससे पहले छह दिन पहले रामपुर की रहने वाली महिला की मौत हो गई थी।
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