पद लैप्स होने के डर से बिना व्यवस्था 128 शिक्षकों की भर्ती कर रहा सीयू
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एक दर्जन विद्यार्थियों को पढ़ाने के लिए सात प्रोफेसर लगाने वाले केंद्रीय विश्वविद्यालय (सीयू) में दो माह के भीतर स्थिति और भी विचित्र होने वाली है। पद लैप्स होने के डर से सीयू 128 नए प्रोफेसरों और असिस्टेंट प्रोफेसरों की नियमित भर्ती कर रहा है। इसके लिए साक्षात्कार चल रहे हैं, लेकिन पहले से ही तीन जगह धर्मशाला, शाहपुर और देहरा में उधार के भवनों में कक्षाएं लगाने वाला सीयू प्रशासन अब नए 128 शिक्षकों की कक्षाएं कहां लगवाएगा, इसको लेकर दुविधा बनी हुई है।
वर्तमान में सीयू मुश्किल से तीन जगह उधार के भवनों में 25 विभाग चला रहा है। देहरा में किराये पर लिए गए निजी भवन में चार विभाग यानी स्कूल चल रहे हैं। शाहपुर में डिग्री कॉलेज के भवन में 9 और धर्मशाला में बीएड कॉलेज, ब्वॉयज स्कूल में 11 विभाग चल रहे हैं। तीनों जगह पर उधार के भवनों में 66 प्रोफेसर और असिस्टेंट प्रोफेसर करीब 1700 विद्यार्थियों को पढ़ा रहे हैं।
शिक्षकों को 1700 विद्यार्थियों को पढ़ाने के लिए तीनों जगह उधार के भवन पहले से कम पड़ रहे हैं। उधार के कमरों का ज्यादा से ज्यादा प्रयोग हो, इसके लिए शिक्षक बारी-बारी शाम तक कक्षाएं लेते हैं। ऐसे में जब दो महीने के भीतर और नए 128 शिक्षक केंद्रीय विवि में आ जाएंगे तो हालात नाजुक होंगे। 128 शिक्षक बैठेंगे कहां, पढ़ाएंगे कहां, यह बड़ी परेशानी पैदा होने वाली है।
माना यह भी जा रहा है कि दो माह बाद कुछ कक्षाओं में शिक्षकों की संख्या विद्यार्थियों की संख्या से ज्यादा न हो जाए, यह हैरत भरा नहीं होगा, क्योंकि एम एजूकेशन कोर्स में ऐसा हो भी रहा है। हिमाचल में केंद्रीय विवि 10 साल पहले शुरू हुआ है। सूत्रों की मानें तो अगर सीयू प्रशासन अभी 128 शिक्षकों की भर्ती नहीं करता तो ये पद लैप्स हो सकते थे।
इसी के चलते बिना व्यवस्था बनाए सीयू प्रशासन को 128 और शिक्षकों की भर्ती करनी पड़ी। केंद्रीय विवि के रजिस्ट्रार संजीव शर्मा ने बताया कि 128 शिक्षकों की भर्ती के लिए साक्षात्कार लिए जा रहे हैं। दो महीने के भीतर भर्ती प्रक्रिया पूरी हो जाएगी।