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राजस्थान में एतिहासिक रहा बाल दिवस: बच्चों ने चलाई विधानसभा, धरना भी दिया, वॉकआउट भी किया
Sun, 14 Nov 2021 11:29 PM IST
मुकेश कुमार झा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर
Published by: मुकेश कुमार झा
Updated Sun, 14 Nov 2021 11:29 PM IST
सार
On Childrens Day, Rajasthan assembly to hold session for kids: 14 नवंबर को इस मौके पर राज्य में पहली बार विधानसभा बच्चों ने संचालित की। विधायकों के विधानसभा सत्र की तर्ज पर बच्चों का विशेष बाल सत्र हुआ। इसमें 15 राज्यों के 200 बच्चे शामिल हुए।
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राजस्धान विधानसभा
- फोटो : फाइल
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विस्तार
राजस्थान में इस बार का बाल दिवस ऐतिहासिक रहा। रविवार को एक घंटे के लिए विधानसभा बच्चों के हवाले रही। इस दौरान एक मॉक सत्र आयोजित किया गया जिसमें बच्चों ने धरना देते हुए और सदन से वॉकआउट करते हुए असल तस्वीर पेश की।
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इस विशेष सत्र में 200 वास्तविक विधायकों के स्थान पर छह से 16 वर्ष आयु के बच्चों ने हिस्सा लिया। जाह्नवी शर्मा ने विधानसभा स्पीकर की भूमिका निभाई और प्रश्न काल, शून्य काल व अन्य कार्यवाहियों के दौरान सदन का नेतृत्व किया। अन्य बच्चों ने मुख्यमंत्री, मंत्रियों, नेता प्रतिपक्ष, विपक्ष के सदस्यों और ट्रेजरी बेंच की भूमिका निभाई। प्रश्न काल के दौरान उन्होंने बच्चों और युवाओं से संबंधित मुद्दों पर जवाब मांगे। इनमें बाल विवाह पर रोक लगाने और शिक्षण संस्थानों के पास मादक पदार्थों के मिलने का मुद्दा शामिल रहा।
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इस दौरान सदन की कार्यवाही में विपक्षी सदस्यों की ओर से व्यवधान और वॉकआउट भी देखने को मिला। कुछ विपक्षी विधायकों ने सदन के वेल में मादक पदार्थों की तस्करी को लेकर धरना भी दिया। उन्होंने धरना तब समाप्त किया जब राज्य सरकार की ओर से इस ओर उचित कदम उठाने का आश्वासन दिया गया। बच्चों ने राज्य सरकार पर अपनी प्रशासनिक विफलताओं को छिपाने के लिए इंटरनेट सेवाओं पर प्रतिबंध लगाने का आरोप भी लगाया।
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200 बच्चे चयनित
सत्तापक्ष और विपक्ष दोनों के विधायक भी बच्चे ही बनें। कोई बच्चा विधानसभा अध्यक्ष बना, तो कोई सीएम, नेता प्रतिपक्ष, उपनेता, मुख्य सचेतक,सचेतक बना। राजस्थान विधानसभा में कुल विधायकों की संख्या 200 है। इसलिए बच्चे भी 200 ही चयनित किए गए। विशेष बाल सत्र की शुरुआत सुबह 11 बजे हुई। देश की स्वतंत्रता के 75 वें आजादी अमृत महोत्सव के तहत बच्चों ने सदन की कार्यवाही चलाई। बच्चों की सदन में बहस का लाइव टेलीकास्ट राजस्थान विधान सभा के यू-ट्यूब चैनल पर किया गया।