कोटा में छात्रों की आत्महत्याओं का होगा सर्वे
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कोटा में कोचिंग छात्रों के लगातार बढ़ रहे आत्महत्या के मामलों को राज्यपाल कल्याण सिंह ने गंभीरता से लिया है। यहां महज एक महीने में आत्महत्या के चार मामलों ने सबको सकते में डाल दिया है। पुलिस ने अधिकतर आत्महत्याओं का कारण पढ़ाई का दबाव माना है। राज्यपाल ने कोटा में कोचिंग छात्रों में आत्महत्या के बढ़ते मामलों को देखते हुए इससे बचने के उपायों पर कोटा ओपन यूनिवर्सिटी को विस्तार से सर्वे कर रिपोर्ट सौंपने को कहा है।
कोटा के कोचिंग संस्थान में छात्र आईआईटी, प्री मेडिकल सहित इंजीनियरिंग और मेडिकल की टॉप प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने आते हैं। पिछले दिनों नेशनल क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो के आंकड़ों के मुताबिक भी कोटा राजस्थान में सर्वाधिक छात्र आत्महत्याओं वाला तीसरा स्थान बन गया है। इन गंभीर आंकड़ों को ध्यान में रखते हुए ही राज्यपाल ने सर्वे कर रिपोर्ट पेश करने के आदेश दिए।
राजभवन भेजी जाएगी रिपोर्ट
रिपोर्ट में खुलासा हुआ है कि 2014 में कोटा में 45 बच्चों ने आत्महत्या की। ऐसे में मुंबई को पीछे छोड़ कोटा देश में तीसरे पर नंबर पहुंच गया। राज्यपाल ने कोटा में हो रही आत्महत्याओं पर 25 बिंदुओं पर सर्वे रिपोर्ट मांगी है।
जानकारी के मुताबिक राजभवन से मिली चिट्ठी मिलते ही कोटा ओपन यूनिवर्सिटी ने सर्वे शुरू कर दिया है और रिपोर्ट तैयार होते ही राज्यपाल को भिजवाई जाएगी।