फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Rajasthan ›   Kekri News: Advocates' protest continues to save Kekri district

Kekri News: केकड़ी जिला बचाने के लिए अधिवक्ताओं का धरना प्रदर्शन लगातार जारी, लंबे संघर्ष की तैयारी

Thu, 16 Jan 2025 10:39 PM IST
शबाहत हुसैन न्यूज डेस्क, अमर उजाला, केकड़ी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, केकड़ी Published by: शबाहत हुसैन Updated Thu, 16 Jan 2025 10:39 PM IST
सार

Kekri: कड़ाके की ठण्ड और सर्द हवाओं के बावजूद केकड़ी के वकीलों का जज्बा ठंडा नहीं पड़़ रहा है, बल्कि धरना स्थल पर 'जिला वापस चाहिए' की गूंज और तेज होने लगी है। 

विज्ञापन
Kekri News: Advocates' protest continues to save Kekri district
अधिवक्ताओं का धरना प्रदर्शन - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

जिला बचाओ अभियान के तहत केकड़ी बार एसोसिएशन द्वारा 3 जनवरी से कोर्ट परिसर में दिया जा रहा धरना गुरुवार को ठण्ड और ठिठुरन के बीच भी जारी रहा। सभी वकील धरने पर डटे नजर आए तथा गीत व शायरियां गाकर एक दूसरे की हौंसला अफजाई की। इस मौके पर वरिष्ठ अधिवक्ता मगन लाल लोधा ने कहा कि सरकार ने निर्दयता के साथ केकड़ी से जिले का दर्जा छीनकर केकड़ी क्षेत्र के बाशिंदों को अनाथ की भांति कर दिया है।

विज्ञापन


उन्होंने कहा कि जिला रहने से सरकार पर न तो कोई अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ रहा था और न ही किसी प्रकार की प्रशासनिक दिक्कत आ रही थी। सरकार ने महज राजनैतिक स्टंट दिखाने के चक्कर में जिला खत्म किया है, जिसका खामियाजा अब केकड़ी की जनता को भुगतना पड़ रहा है। वरिष्ठ अधिवक्ता राजेंद्र प्रसाद अग्रवाल ने कहा कि सरकार जनता के हित के लिए होती है, मगर इस बार सरकार ने जनता का हित नहीं देखा और ऐसा कदम उठाया जिससे जनता का अहित हुआ है।
विज्ञापन


उन्होंने कहा कि अगर सरकार ने आर्थिक बोझ के चलते केकड़ी जिले को हटाया है तो फिर सभी नवगठित जिलों को हटाना चाहिए था। केकड़ी जिला तो हर मापदंड पर खरा उतर रहा था, फिर केकड़ी जिले को क्यों खत्म किया गया? सरकार को समझना चाहिए कि जिला हटाने से आमजन की कितनी परेशानी बढ़ी है।
विज्ञापन
विज्ञापन


धरना स्थल पर वरिष्ठ अधिवक्ता सलीम गौरी व बार के पूर्व महासचिव विशाल राजपुरोहित ने शेर-ओ-शायरी व गीत-गजलों के माध्यम से सरकार के रवैये पर कटाक्ष करते हुए अधिवक्ताओ की हौंसला अफजाई की तथा कहा कि सरकार के खिलाफ इस संघर्ष में अधिवक्ता झुकेंगे नहीं। जब तक जिले का दर्जा वापस नहीं मिलता, तब तक अधिवक्ता हर स्थिति में डटे रहेंगे।

बार एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ मनोज आहूजा ने धरना प्रदर्शन के दौरान कहा कि आन्दोलन को मजबूत बनाने के लिए अब आमजन का सहयोग लिया जायेगा। उन्होंने कहा कि हर अधिवक्ता अपने पास आने वाले मुवक्किल को जिले का फायदे समझाये तथा उन्हें इस आन्दोलन से जोड़े, ताकि अधिवक्ताओं द्वारा केकड़ी का मान सम्मान लौटाने के लिए उठाया गया बीड़ा सफल हो सके। इसके अलावा क्षेत्र के विभिन्न संगठनों को भी आन्दोलन से जोड़ने के लिए चर्चा की जा रही है।


एडीएम कोर्ट केकड़ी को दिया पांच तहसीलों का क्षेत्राधिकार
राज्य सरकार द्वारा केकड़ी से जिले का दर्जा वापस लेने का बाद लगातार एक के बाद एक चल रही जिला स्तरीय दफ्तरों के यहां से स्थानांतरण की प्रक्रिया के बीच थोड़ी राहत भरी खबर भी आई है। अजमेर जिला कलेक्टर लोक बंधु द्वारा जारी एक आदेश के मुताबिक अतिरिक्त जिला कलक्टर केकड़ी व अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट केकड़ी को पांच तहसीलों के राजस्व अपील के मामले एवं राजस्व संबंधित अन्य प्रार्थना पत्रों की सुनवाई व निस्तारण का क्षेत्राधिकार प्रदान किया गया है। इन तहसीलों में केकड़ी सहित सरवाड़, सावर, भिनाय व टांटोती तहसील शामिल की गई है। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed