{"_id":"be91e5653ab97cc689033690bbe3b2ec","slug":"jat-community-against-baisla-s-decision","type":"story","status":"publish","title_hn":"बैंसला के कांग्रेस में जाने से भड़के जाट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बैंसला के कांग्रेस में जाने से भड़के जाट
समीर शर्मा/अमर उजाला, जयपुर
Updated Fri, 22 Nov 2013 07:29 PM IST
विज्ञापन
गुर्जर आरक्षण आंदोलन के अगुआ व नेता कर्नल किरोड़ी सिंह बैंसला के राजस्थान विधनसभा चुनाव में कांग्रेस को समर्थन देने के ऐलान के खिलाफ समाज के अन्य नेताओं ने मोर्चा खोल दिया है।
विज्ञापन
अन्य गुर्जर नेताओं का आरोप है कि बैंसला ने बिना उनकी सहमति से फैसला लिया है। कांग्रेस को समर्थन का उनका यह फैसला उनका व्यक्तिगत हो सकता है। बैंसला के इस फैसले से गुर्जर धड़ों में बंटे दिखाई दे रहे हैं।
विज्ञापन
वसुंधरा सरकार में ही हुआ था आंदोलन
भाजपा की वसुंधरा सरकार के दौरान गुर्जर आरक्षण को लेकर उग्र आंदोलन का नेतृत्व बैंसला ने किया था। सरकार के खिलाफ हुए इस आंदोलन में कुछ पुलिसकर्मियों सहित 70 जानें गई थीं।
विज्ञापन
इसके बाद बैंसला भाजपा में शामिल हो गए थे और भाजपा के टिकट से ही सांसद का चुनाव लड़ा था।
अब कांग्रेस के समर्थन के ऐलान के बाद विधायक और गुर्जर नेता अतर सिंह भड़ाना ने बैंसला के फैसले को समाज हित के खिलाफ बताया है।
उन्होंने कहा कि बैंसला ने समाज से पूछे बिना कांग्रेस को समर्थन देने का निर्णय किया है। इसे स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने गुर्जरों को पांच प्रतिशत आरक्षण के लिए भाजपा का समर्थन करने का आह्वान किया है।
उन्होंने साफ किया कि अगर भाजपा फिर भी वादा खिलाफ करती है, तो उसके खिलाफ आंदोलन करने से गुरेज नहीं किया जाएगा।
अन्य गुर्जर नेताओं का कहना है कि बैंसला ने ऐसी कांग्रेस सरकार का समर्थन किया है, जिसने पांच साल तक आरक्षण को कानूनी दाव-पेंच में अटकाए रखा। सरकार की आरक्षण देने की मंशा होती तो नौवीं सूची में शामिल करा सकती थी।