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Rajasthan Paper Leak: प्रदेशभर में आरोपियों के 27 ठिकानों पर ईडी के ताबड़तोड़ छापे, मनी लॉन्ड्रिंग की भी जांच
Mon, 05 Jun 2023 04:37 PM IST
Arpit Yagnik
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, राजस्थान
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, राजस्थान
Published by: Arpit Yagnik
Updated Mon, 05 Jun 2023 04:37 PM IST
सार
राजस्थान के आधा दर्जन से ज्यादा जिलों में ईडी की टीमों ने सोमवार को 27 से ज्यादा ठिकानों पर छापेमारी की है। रीट और आरपीएससी से जुड़ी परीक्षाओं के पेपर लीक मामले में जल्द ही ईडी कोई बड़ा खुलासा कर सकती है।
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राजस्थान पेपर लीक को लेकर कार्रवाई करती ईडी।
- फोटो : Amar Ujala Digital
विस्तार
राजस्थान में रीट और सेकेंड ग्रेड टीचर भर्ती परीक्षा से जुड़े मामले में केंद्रीय जांच एजेंसी एनफोर्समेंट डायरेक्ट्रेट (ईडी) ने राजस्थान में आरोपियों के 27 ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की है। ये छापेमारी जयपुर, अजमेर, जोधपुर, बाड़मेर, उदयपुर, जालोर, सिरोही सहित कई जिलों में की गई है।
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सूत्रों के मुताबिक रीट और आरपीएससी से जुड़ी परीक्षाओं के पेपर लीक मामले में जल्द ही ईडी कोई बड़ा खुलासा कर सकती है। कुछ महत्वपूर्ण इनपुट्स ईडी के हाथ लगे हैं। राजस्थान के आधा दर्जन से ज्यादा जिलों में ईडी की टीमों ने सोमवार को 27 से ज्यादा ठिकानों पर छापेमारी की है। सुबह से लगातार इन्वेस्टिगेशन, सर्च और पूछताछ की कार्रवाई चल रही है। सूत्र बताते हैं आरोपियों से ठिकाने से ईडी टीमों ने काफी सारे दस्तावेज भी इकट्ठा किए हैं।
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जयपुर में सुरेश ढाका, बाड़मेर में भजनलाल बिश्नोई, डूंगरपुर में बाबूलाल कटारा के घरों पर छापेमारी
जयपुर के वैशाली नगर में करनी विहार इलाके में पेपरलीक के आरोपी सुरेश ढाका के घर पर ईडी ने रेड की है। बाड़मेर में पेपर लीक मामले में शामिल ठेकेदार भजनलाल बिश्नोई के महावीर नगर स्थित घर पर छापेमार कार्रवाई हुई है। रीट पेपर लीक मामले में ठेकेदार भजनलाल को पूर्व में राजस्थान एसओजी की टीम ने छोड़ दिया था, जबकि आरपीएससी के मेंबर रहे बाबूलाल कटारा के डूंगरपुर स्थित घर पर भी छापा मारा गया है। बाबूलाल कटारा को राज्य सरकार ने भी दोषी मानते हुए पद से हटा रखा है। इसके अलावा बाड़मेर में पेपर लीक मामले में पूर्व में भी कई लोगों के नाम सामने आए थे। राज्य की एसओजी ने कार्रवाई करते हुए उन्हें गिरफ्तार भी किया था, लेकिन भजनलाल बिश्नोई का सहयोगी मनोज नाम का व्यक्ति फरार हो गया था। भजनलाल बिश्नोई के महावीर नगर स्थित घर पर छापा पड़ा है। पीढ़ी की इस कार्रवाई में सीआरपीएफ की टीम भी साथ है। ईडी की टीमें मनी लॉन्ड्रिंग की भी जांच कर रही है।
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आरपीएससी पेपर लीक मामले में ईडी की एंट्री, इनसे पूछताछ
आरपीएससी पेपर लीक मामले में डूंगरपुर में आरोपियों से पूछताछ के बाद ईडी की टीम बाबूलाल कटारा के निवास पर पहुंची है। पेपर लीक मामले में बाबूलाल कटारा पहले ही जेल जा चुके हैं। एसओजी टीम ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया था। करीब डेढ़ महीने से बाबूलाल कटाया न्यायिक हिरासत में हैं। अब ईडी ने उनके घर पर रेड डालकर अपने स्तर पर जांच पड़ताल शुरू की है। सूत्र बताते हैं कि इस मामले में ईडी आरपीएससी सदस्य बाबूलाल कटारा के परिजनों, मास्टरमाइंड शेरसिंह मीणा और भूपेंद्र सारण से पूछताछ कर चुकी है। इसके अलावा आरोपी राजीव उपाध्याय, रामगोपाल मीणा, सुरेश विश्नोई, घिमनाराम खिलेड़ी, अनिता मीणा, बाबुलाल कटारा के पुत्र दीपेश कटारा, गोपाल सिंह, गौतम कटारा और विजय डामोर के भी बयान दर्ज किए गए हैं। बताया जा रहा है कि ईडी को आरोपियों के बयानों के एनालिसिस से पेपर लीक के मामले में मनी लांन्ड्रिंग की जानकारी मिली है।
राज्यसभा सांसद डॉ. किरोड़ी लाल मीणा ने की थी ईडी को शिकायत
पेपर लीक में राज्यसभा सांसद डॉ. किरोड़ीलाल मीणा की शिकायत पर ईडी ने मनी लॉन्ड्रिग का मामला दर्ज किया था। इसकी पिछले कई दिनों से गुप्त रूप से जांच कर रही थी। इस कार्रवाई के बाद बीजेपी सांसद किरोड़ीलाल मीणा बोले- ''रीट मामले को लेकर ईडी राजस्थान में छापेमारी कर रही है। सरकार ने केवल मछलियों को पकड़ा था, मगरमच्छों को नहीं। मुझे भरोसा है कि ईडी इन मगरमच्छों को पकड़ेगी। डीपी जारोली को बर्खास्त किया या जो एलएलए, मंत्रियों, सीएमओ के नाम हैं, वो सब नपेंगे। ऐसा भरोसा है कि ईडी राजस्थान में बेरोजगारों के साथ में निश्चित रूप से न्याय करेगी। जिनकी आशा राजस्थान सरकार ने तोड़ दी थी। सीबीआई से जांच नहीं करवाई थी और एसओजी ने प्रकरण दबा दिया था, क्योंकि एसओजी के जांच अधिकारी भी पेपर लीक से जुड़े हुए हैं।''