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Rajasthan: सीएम भजनलाल का निर्बाध बिजली के लिए केंद्र से अनावंटित कोटे से 1000 मेगावाट बिजली का आग्रह
Wed, 17 Jan 2024 10:24 PM IST
अरविंद कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर
Published by: अरविंद कुमार
Updated Wed, 17 Jan 2024 10:24 PM IST
सार
मुख्यमंत्री एवं ऊर्जा मंत्री ने प्रदेश के बिजली उपभोक्ताओं को पर्याप्त बिजली आपूर्ति तथा किसानों को छह घंटे प्रतिदिन आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए केंद्र की कोयला आधारित विद्युत इकाइयों के अनावंटित कोटे से प्रदेश को एक हजार मेगावाट बिजली का अस्थाई आवंटन करने का आग्रह किया।
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सीएम भजनलाल शर्मा सहित अन्य लोग
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने बुधवार को नई दिल्ली के श्रम शक्ति भवन में केन्द्रीय ऊर्जा मंत्री आरके सिंह से मुलाकात की। इस दौरान प्रदेश के ऊर्जा राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) हीरालाल नागर भी मौजूद रहे।
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मुलाकात के दौरान मुख्यमंत्री ने केन्द्रीय ऊर्जा मंत्री का ध्यान प्रदेश में रबी सीजन के चलते बिजली की बढ़ी हुई मांग की ओर आकृष्ट किया। उन्होंने कहा कि राजस्थान विद्युत उत्पादन निगम (आरवीयूएन) को आवंटित परसा ईस्ट-कांता बेसिन कैप्टिव कोल माइन्स से खनन प्रक्रिया प्रारंभ नहीं हो पाने के कारण प्रदेश को कोयले की आपूर्ति प्रभावित हो रही है। इससे आरवीयूएन की लगभग चार हजार 340 मेगावाट क्षमता की इकाइयों में विद्युत उत्पादन पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है। मुख्यमंत्री एवं ऊर्जा मंत्री ने प्रदेश के बिजली उपभोक्ताओं को पर्याप्त बिजली आपूर्ति तथा किसानों को छह घंटे प्रतिदिन आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए केन्द्र की कोयला आधारित विद्युत इकाइयों के अनावंटित कोटे से प्रदेश को एक हजार मेगावाट बिजली का अस्थाई आवंटन करने का आग्रह किया।
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केन्द्रीय ऊर्जा मंत्री ने मुख्यमंत्री को आश्वस्त किया कि राजस्थान में किसानों और उपभोक्ताओं की विद्युत आपूर्ति की दिक्कतों को ध्यान में रखते हुए केन्द्र सरकार की ओर से हरसंभव सहयोग दिया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि रबी के सीजन में फसलों की सिंचाई हेतु विद्युत की मांग अधिक रहती है तथा वर्तमान में लगभग प्रतिदिन 3250 लाख यूनिट से अधिक की खपत दर्ज हो चुकी है। इसलिए इस बढ़ी हुई विद्युत की मांग को पूरा करने के लिए केन्द्रीय स्तर से सरकार के लिए अतिरिक्त विद्युत आपूर्ति करना आवश्यक है।
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पीईकेबी एवं परसा कोल ब्लॉक से खनन प्रारंभ करने का आग्रह
प्रदेश के बिजली घरों में कोयले की पर्याप्त एवं निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने अपने दिल्ली प्रवास के दौरान बुधवार को केन्द्रीय कोयला मंत्री प्रल्हाद जोशी से उनके आवास पर मुलाकात की। इस दौरान प्रदेश के ऊर्जा राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) हीरालाल नागर भी मौजूद रहे।
मुलाकात के दौरान केन्द्रीय कोयला मंत्री ने प्रदेश की बिजली की आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए केन्द्र सरकार के स्तर पर अतिरिक्त कोयला आवंटन के लिए हरसंभव सहयोग करने के लिए आश्वस्त किया। केंद्रीय मंत्री ने छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री से बात करके परसा कोल ब्लॉक से खनन करने में आ रही दिक्कतों का शीघ्र समाधान निकालने के लिए भी आश्वस्त किया।
मुख्यमंत्री ने केन्द्रीय कोयला मंत्री का ध्यान राजस्थान विद्युत उत्पादन निगम (आरवीयूएन) के बिजली घरों में कोयले की आवश्यकता की ओर आकृष्ट किया। उन्होंने कहा कि रबी सीजन के कारण राज्य में बिजली की बढ़ी हुई मांग को देखते हुए उत्पादन निगम को प्रतिदिन 23 कोल रैक की आवश्यकता है, जबकि वर्तमान में कोल इंडिया लिमिटेड से औसतन 16.5 रैक प्रतिदिन की ही आपूर्ति हो पा रही है। इससे विद्युत उत्पादन पर प्रतिकूल असर पड़ रहा है।
शर्मा ने केन्द्रीय कोयला मंत्री से परसा ईस्ट एवं कांता बेसिन (पी.ई.के.बी.) तथा परसा कोल ब्लॉक से खनन अविलंब प्रारंभ करने तथा यह खनन प्रारंभ होने तक कोल इंडिया लिमिटेड एवं इसकी सहायक कंपनियों के माध्यम से उच्च गुणवत्ता वाले कोयले की मांग के अनुरूप आपूर्ति सुनिश्चित करने का अनुरोध किया। मुख्यमंत्री एवं प्रदेश के ऊर्जा मंत्री ने राजस्थान विद्युत उत्पादन निगम को खाली रैक्स की अतिरिक्त व्यवस्था तथा रैक डायवर्जन कराने के लिए केन्द्रीय कोयला मंत्रालय के माध्यम से रेल मंत्रालय के स्तर पर समन्वय करने का भी आग्रह किया।