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Jaipur News: आधी रात अफसरों के साथ सड़कों पर उतरे 2500 सफाईकर्मी, सुबह तक चमक उठीं शहर की गलियां
Sun, 10 May 2026 05:46 PM IST
हिमांशु सिंह
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर
Published by: हिमांशु सिंह
Updated Sun, 10 May 2026 05:46 PM IST
सार
Jaipur News: जयपुर को स्वच्छता में देश का नंबर-1 शहर बनाने के लिए प्रशासन ने “ऑपरेशन क्लीन स्वीप” शुरू किया। रातभर चले अभियान में कलेक्टर संदेश नायक और निगम आयुक्त ओम कसेरा स्कूटी पर शहर का निरीक्षण करते नजर आए। 2500 से अधिक कर्मचारी सफाई अभियान में जुटे रहे। पढ़ें पूरी खबर...
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आधी रात सड़कों पर उतरे कलेक्टर और निगम आयुक्त
- फोटो : Amar Ujala
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विस्तार
गुलाबी नगरी जयपुर को देश का सबसे स्वच्छ शहर बनाने के लिए प्रशासन ने विशेष सफाई अभियान शुरू किया है। शनिवार देर रात शहर में 'ऑपरेशन क्लीन स्वीप' के तहत व्यापक स्तर पर सफाई अभियान चलाया गया। रात 12 बजे से सुबह 5 बजे तक चले इस अभियान में प्रशासनिक अधिकारियों से लेकर सफाईकर्मी तक सड़कों पर नजर आए।
निगमायुक्त ने खुद स्कूटी से किया शहर का निरीक्षण
अभियान की सबसे खास तस्वीर तब सामने आई, जब जिला कलेक्टर संदेश नायक और नगर निगम आयुक्त ओम कसेरा खुद स्कूटी पर शहर का निरीक्षण करते दिखाई दिए। स्कूटी आयुक्त ओम कसेरा चला रहे थे, जबकि पीछे बैठे कलेक्टर संदेश नायक अलग-अलग क्षेत्रों की सफाई व्यवस्था का जायजा लेते रहे। दोनों अधिकारियों ने हेलमेट पहनकर सुरक्षा और यातायात नियमों के पालन का संदेश भी दिया।
नाइट स्वीपिंग मॉडल लागू होगा
नगर निगम अधिकारियों के मुताबिक, दिन के समय बाजारों और परकोटे की संकरी गलियों में ट्रैफिक और भीड़ के कारण प्रभावी सफाई कार्य में दिक्कत आती है। इसी समस्या को ध्यान में रखते हुए 'नाइट स्वीपिंग मॉडल' लागू किया गया है, ताकि रात के समय बिना किसी बाधा के सफाई बेहतर तरीके से हो सके।
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2500 से अधिक अधिकारी-कर्मचारी तैनात किए गए
अभियान का मुख्य उद्देश्य आगामी स्वच्छ सर्वेक्षण में जयपुर की रैंकिंग को बेहतर बनाना है। इसके लिए पूरे शहर को 36 बीट्स में बांटकर मॉनिटरिंग की व्यवस्था की गई। सफाई अभियान में करीब 2000 सफाईकर्मियों सहित 2500 से अधिक अधिकारी और कर्मचारी तैनात किए गए। टीमों को नाइट जैकेट, टॉर्च, गमबूट, डंपर और हूपर जैसी आवश्यक सुविधाएं भी उपलब्ध कराई गईं।
ये भी पढ़ें- ये कैसा सिस्टम? एंबुलेंस में खत्म हुई ऑक्सीजन, स्ट्रेचर पर तड़पते युवक ने तोड़ा दम; बेबस हुए घरवाले
जल्द लागू होगा सूरत मॉडल
प्रशासन अब शहरवासियों की आदतों में बदलाव लाने पर भी जोर दे रहा है। घरों से ही कचरे के पृथक्करण को बढ़ावा देने की तैयारी की जा रही है। कलेक्टर संदेश नायक ने बताया कि उन्होंने हाल ही में सूरत शहर के कचरा प्रबंधन मॉडल का अध्ययन किया है और उसी तर्ज पर जयपुर में नियमित नाइट स्वीपिंग व्यवस्था लागू करने की योजना बनाई जा रही है। निरीक्षण के दौरान कुछ स्थानों पर कचरे के गलत निस्तारण जैसी कमियां भी सामने आईं। प्रशासन ने साफ किया है कि पहले लोगों को जागरूक किया जाएगा, लेकिन नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ जुर्माना और सख्त कार्रवाई भी की जाएगी।
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निगमायुक्त ने खुद स्कूटी से किया शहर का निरीक्षण
अभियान की सबसे खास तस्वीर तब सामने आई, जब जिला कलेक्टर संदेश नायक और नगर निगम आयुक्त ओम कसेरा खुद स्कूटी पर शहर का निरीक्षण करते दिखाई दिए। स्कूटी आयुक्त ओम कसेरा चला रहे थे, जबकि पीछे बैठे कलेक्टर संदेश नायक अलग-अलग क्षेत्रों की सफाई व्यवस्था का जायजा लेते रहे। दोनों अधिकारियों ने हेलमेट पहनकर सुरक्षा और यातायात नियमों के पालन का संदेश भी दिया।
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नाइट स्वीपिंग मॉडल लागू होगा
नगर निगम अधिकारियों के मुताबिक, दिन के समय बाजारों और परकोटे की संकरी गलियों में ट्रैफिक और भीड़ के कारण प्रभावी सफाई कार्य में दिक्कत आती है। इसी समस्या को ध्यान में रखते हुए 'नाइट स्वीपिंग मॉडल' लागू किया गया है, ताकि रात के समय बिना किसी बाधा के सफाई बेहतर तरीके से हो सके।
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2500 से अधिक अधिकारी-कर्मचारी तैनात किए गए
अभियान का मुख्य उद्देश्य आगामी स्वच्छ सर्वेक्षण में जयपुर की रैंकिंग को बेहतर बनाना है। इसके लिए पूरे शहर को 36 बीट्स में बांटकर मॉनिटरिंग की व्यवस्था की गई। सफाई अभियान में करीब 2000 सफाईकर्मियों सहित 2500 से अधिक अधिकारी और कर्मचारी तैनात किए गए। टीमों को नाइट जैकेट, टॉर्च, गमबूट, डंपर और हूपर जैसी आवश्यक सुविधाएं भी उपलब्ध कराई गईं।
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जल्द लागू होगा सूरत मॉडल
प्रशासन अब शहरवासियों की आदतों में बदलाव लाने पर भी जोर दे रहा है। घरों से ही कचरे के पृथक्करण को बढ़ावा देने की तैयारी की जा रही है। कलेक्टर संदेश नायक ने बताया कि उन्होंने हाल ही में सूरत शहर के कचरा प्रबंधन मॉडल का अध्ययन किया है और उसी तर्ज पर जयपुर में नियमित नाइट स्वीपिंग व्यवस्था लागू करने की योजना बनाई जा रही है। निरीक्षण के दौरान कुछ स्थानों पर कचरे के गलत निस्तारण जैसी कमियां भी सामने आईं। प्रशासन ने साफ किया है कि पहले लोगों को जागरूक किया जाएगा, लेकिन नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ जुर्माना और सख्त कार्रवाई भी की जाएगी।