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जयपुर: दरगाह विवाद में हिंदू पक्ष ने हाईकोर्ट में दाखिल किया जवाब, जिला अदालत की सुनवाई जारी रखने की मांग

Tue, 01 Sep 2026 08:21 PM IST
प्रिया वर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर Published by: प्रिया वर्मा Updated Tue, 01 Sep 2026 08:21 PM IST
सार

दरगाह विवाद मामले में हिंदू पक्ष ने राजस्थान हाईकोर्ट की जयपुर पीठ में अपना लिखित जवाब दाखिल कर दिया है। मुस्लिम पक्ष की याचिका का विरोध करते हुए हिंदू पक्ष ने जिला अदालत में चल रही सुनवाई को जारी रखने और मामले का जल्द निस्तारण करने की मांग की है।

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Jaipur: Hindu Side Files Reply in High Court in Dargah Dispute, Seeks Continuation of District Court Hearing
अजमेर दरगाह

विस्तार

अजमेर की ख्वाजा मोइनुद्दीन चिश्ती दरगाह से जुड़े विवाद में हिंदू पक्षकारों ने राजस्थान हाईकोर्ट की जयपुर पीठ में मुस्लिम पक्ष की याचिका के जवाब में अपना लिखित पक्ष दाखिल कर दिया है। मुस्लिम पक्ष ने अजमेर जिला अदालत में चल रही कार्रवाई के खिलाफ हाईकोर्ट में याचिका दायर की है। मामले में हाईकोर्ट में अगली सुनवाई इसी सप्ताह होने की संभावना है, जबकि अजमेर जिला अदालत में 19 सितंबर को अगली सुनवाई निर्धारित है।

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मुस्लिम पक्ष की याचिका पर हिंदू पक्ष की आपत्ति
मामले में पक्षकार महाराणा प्रताप सेना के संस्थापक अध्यक्ष राज्यवर्धन सिंह परमार और अन्य हिंदू पक्षकारों की ओर से हाईकोर्ट में जवाब पेश किया गया है। उनका आरोप है कि मामले की सुनवाई को लंबा खींचने के उद्देश्य से हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की गई है। हिंदू पक्ष का तर्क है कि अजमेर जिला अदालत ने कुछ लोगों को मामले में पक्षकार बनाए जाने की अनुमति दी है, इसलिए मुस्लिम पक्ष को इस पर आपत्ति नहीं होनी चाहिए। उन्होंने जिला अदालत में मामले की सुनवाई जल्द पूरी कर निर्णय देने की मांग की है।
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मंदिर होने का दावा
राज्यवर्धन सिंह परमार ने दावा किया कि अदालत में पेश किए गए साक्ष्यों से यह साबित होगा कि वर्तमान दरगाह स्थल पर पहले भगवान शिव का मंदिर था और बाद में उसे बदलकर दरगाह का स्वरूप दिया गया। हालांकि यह हिंदू पक्ष की ओर से किया गया दावा है और मामले में अदालत का अंतिम फैसला आना बाकी है।


सुनवाई जल्द पूरी करने की मांग
परमार ने यह भी कहा कि इस्लाम में दरगाह पर पूजा-अर्चना की परंपरा नहीं है और इस संबंध में अदालत के समक्ष साक्ष्य प्रस्तुत किए गए हैं। उन्होंने कहा कि जिला अदालत की कार्रवाई बिना अनावश्यक देरी के आगे बढ़नी चाहिए।

वहीं निर्वाणी अखाड़े के महंत और अखिल भारतीय संत संघर्ष समिति के क्षेत्रीय अध्यक्ष महंत विष्णु दास ने कहा कि अगली सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट से मामले का शीघ्र निस्तारण करने की मांग की जाएगी। उनका कहना है कि अजमेर जिला अदालत में चल रही सुनवाई बिना किसी बाधा के जारी रहनी चाहिए। फिलहाल सभी पक्षों की नजर हाईकोर्ट की आगामी सुनवाई और अजमेर जिला अदालत में होने वाली अगली सुनवाई पर है।

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