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Rajasthan: अब नहीं चलेगा मलाईदार पद पर चहेते अफसरों को लगाने का रिवाज, ऊर्जा विभाग से डेप्युटेशन का खेल खत्म!
Wed, 14 Feb 2024 11:57 AM IST
उदित दीक्षित
न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर
न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर
Published by: उदित दीक्षित
Updated Wed, 14 Feb 2024 11:57 AM IST
सार
सरकार में मलाईदार पदों पर अपने चेहते अफसरों को लगाने का रिवाज अब नहीं चलेगा। मंत्री हीरालाल नागर ने ऊर्जा विभाग और बिजली कंपनियों के सभी अधिकारियों और कर्मचारियों का डेप्यूटेशन तुरंत खत्म कर विभाग में लौटने के निर्देश जारी कर दिए हैं।
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मंत्री हीरालाल नागर ने डेप्यूटेशन खत्म करने के दिए निर्देश।
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
ऊर्जा विभाग से "डेपुटेशन" का खेल अब जल्द खत्म होगा। ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर ने डेपुटेशन समाप्त करने के आदेश दिए हैं। नागर के निर्देशों के बाद विभाग के उप शासन सचिव आरके शर्मा ने इसके आदेश जारी कर दिए हैं।
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आदेश में कहा गया कि ऊर्जा विभाग के अधिकारी, कर्मचारी और विद्युत कंपनियों के अधिकारी व कर्मचारी सरकार के विभिन्न विभागों में प्रतिनियुक्ति पर काम कर रहे हैं। इन सभी प्रतिनियुक्तियों को निरस्त किया जाता है, सभी कर्मचारियों और अधिकारियों को विभाग में लौटने के लिए कहा गया है।
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मंत्री आज लेंगे रिपोर्ट
यही नहीं मंत्री हीरालाल नागर ने आदेशों की पालना की रिपोर्ट भी मांगी है। आज वे इस मामले में अब तक हुई कार्रवाई का ब्योरा लेंगे।
प्रतिनियुक्ति को लेकर मुख्य सचिव से की शिकायत
विभागों में प्रतिनियुक्ति को लेकर इससे पहले मुख्य सचिव से भी कर्मचारी संगठन शिकायत कर चुके हैं। सचिवालय में संविदा और डेपुटेशन पर करीब 450 कार्मिक काम कर रहे हैं। डेपुटेशन और संविदा पर काम करने वाले इन कर्मचारियों में सबसे ज्यादा वित्त, गृह, खान, श्रम और रोजगार विभाग में लगाए गए हैं। यही नहीं वित्त विभाग के अफसरों ने तो एक कदम आगे निकल कर बिजली कंपनियों की फाइनेंशियल मॉनिटरिंग और सब्सिडी देने का काम प्रतिनियुक्ति पर लगाए गए बिजली कंपनी के अकाउंटेंट को ही संभला दिया। अब देखना यह है कि मंत्री के आदेश वित्त विभाग में कितने प्रभावी होते हैं।
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