फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Rajasthan ›   Chittorgarh: After the death of the employee, family members protest outside the zinc plant, did not get help

Chittorgarh: कर्मचारी की मौत के बाद हिंदुस्तान जिंक बाहर परिजनों का धरना, एक महीने बाद भी नहीं मिली सहायता

Fri, 09 Aug 2024 04:00 PM IST
प्रिया वर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चित्तौड़गढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चित्तौड़गढ़ Published by: प्रिया वर्मा Updated Fri, 09 Aug 2024 04:00 PM IST
सार

जिले में स्थित हिंदुस्तान जिंक के प्लांट में एक कर्मचारी की मृत्यु के बाद उसके परिजनों ने आज प्लांट के बाहर धरना दे दिया और प्लांट में काम करने जाने वाले कर्मचारियों को बाहर ही रोक दिया। परिजनों का आरोप है कि कर्मचारी की मौत के एक महीने बाद भी अब तक ना तो आर्थिक सहायता मिली है, ना ही नौकरी।

विज्ञापन
Chittorgarh: After the death of the employee, family members protest outside the zinc plant, did not get help
राजस्थान - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

जिले के पुठोली में स्थित हिंदुस्तान जिंक प्लांट में कार्य के दौरान तबियत बिगड़ने से एक व्यक्ति की मौत के मामले में उसके परिजनों ने शुक्रवार को प्लांट के गेट पर प्रदर्शन कर दिया। परिजनों आरोप है कि एक माह गुजरने के बाद भी ना तो मृतक के आश्रित को नौकरी दी, ना ही आर्थिक सहायता दी गई, जबकि जिंक प्रबंधन ने इस पर सहमति प्रदान की थी। 

विज्ञापन


मौके पर चंदेरिया थाना पुलिस का जाप्ता तैनात किया है। इधर बेरोजगार संघर्ष समिति के पदाधिकारी भी मौके पर पहुंचे हैं। इन्होंने मौताना प्रथा बंद कर औद्योगिक संस्थाओं में होने वाली मौत के मामले में एक नीति बनाने की मांग जिला प्रशासन से की है।
विज्ञापन


जानकारी के अनुसार भीलवाड़ा जिले के बाकली गांव निवासी श्रवण सिंह (49) जिंक प्लांट के सेल हाऊस में प्रोसेस असिस्टेंट के पद पर कार्यरत थे। गत 18 जुलाई को प्लांट में कार्य पर आए थे लेकिन कार्य करने के दौरान श्रवणसिंह की तबियत बिगड़ गई, जिस पर जिंक की एम्बुलेंस में जिला चिकित्सालय लेकर गए। यहां से उदयपुर और बाद में अहमदाबाद रैफर करना पड़ा। यहां उपचार के दौरान 8 जुलाई को श्रवणसिंह ने दम तोड़ दिया। 
विज्ञापन
विज्ञापन


परिजनों ने बताया कि तब जिंक प्रबंधन ने मृतक के आश्रित को नौकरी देने और आर्थिक सहायता देने की बात कही थी लेकिन एक माह का समय बीतने के बाद भी अब तक कोई कार्रवाई नहीं हो पाई। ऐसे में परिवार के लोगों ने धरना देकर प्रदर्शन कर दिया। 


इधर युवा बेरोजगार संघर्ष समिति के योगेश दशोरा, पवन गोस्वामी आदि मौके पर पहुंचे और यहां प्रदर्शन कर रहे लोगों से बात की। साथ ही जिला प्रशासन एवं जिंक प्रबंधन से मांग की है कि इस तरह से मौताना प्रथा बंद होनी चाहिए। किसी भी उद्योग में हादसा या किसी कारणवश कार्मिक की मौत होने की स्थिति में अलग से नीति बनाई जाए।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed