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Ajmer: ऑनर किलिंग में लिव-इन पार्टनर की हत्या के मामले में करिश्मा का पिता गिरफ्तार, ऐसे हुई गिरफ्तारी; जानें
Fri, 11 Jul 2025 10:15 AM IST
अजमेर ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अजमेर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अजमेर
Published by: अजमेर ब्यूरो
Updated Fri, 11 Jul 2025 10:15 AM IST
सार
Ajmer: करिश्मा के छोटे भाई सहित अन्य लोगों ने मिलकर सहदेव की बेरहमी से पिटाई की, जिससे उसकी मौत हो गई। हत्या के बाद शव को खेत में फेंककर आरोपी फरार हो गए थे। बस्तीराम घटना के बाद से लगातार फरार चल रहा था।
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करिश्मा का पिता पुलिस गिरफ्त में
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
अजमेर में ऑनर किलिंग के एक सनसनीखेज मामले में पुलिस ने करिश्मा के पिता बस्तीराम को गिरफ्तार कर लिया है। यह मामला सहदेव भाकर की निर्मम हत्या से जुड़ा है, जो करिश्मा का लिव-इन पार्टनर था। सिविल लाइन थानाधिकारी शंभू सिंह शेखावत ने बताया कि आरोपी बस्तीराम ने अजमेर रोडवेज बस स्टैंड से सहदेव का अपहरण कर उसे कैंपर गाड़ी में जबरन बैठाया था।
इसके बाद करिश्मा के छोटे भाई सहित अन्य लोगों ने मिलकर सहदेव की बेरहमी से पिटाई की, जिससे उसकी मौत हो गई। हत्या के बाद शव को खेत में फेंककर आरोपी फरार हो गए थे। बस्तीराम घटना के बाद से लगातार फरार चल रहा था। थाना प्रभारी शंभू सिंह शेखावत के अनुसार, जायल, जिला नागौर निवासी बस्तीराम (47) पुत्र दुर्गाराम को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। इस कार्रवाई में हेड कॉन्स्टेबल विजय सिंह की विशेष भूमिका रही।
करिश्मा ने भी की थी आत्महत्या
इस घटना के महज कुछ दिन बाद, 26 जून को करिश्मा ने आत्महत्या कर ली थी। यह प्रेम कहानी करिश्मा और कॉलेज टीचर सहदेव भाकर की थी, जो सामाजिक बंधनों और परिवार की रुढ़िवादी सोच की बलि चढ़ गई। करिश्मा अजमेर के धारणा गांव की रहने वाली थी। जब वह 11-12 साल की थी, तब उसका बाल विवाह कर दिया गया था, लेकिन उसने यह रिश्ता स्वीकार नहीं किया। आगे चलकर नर्सिंग की पढ़ाई के दौरान उसकी मुलाकात कॉलेज में पढ़ाने वाले सहदेव भाकर से हुई और दोनों में प्रेम हो गया। परिवार के विरोध के बावजूद, करिश्मा और सहदेव ने साथ रहने का फैसला किया और रातंगा गांव में लिव-इन में रहने लगे। यह बात करिश्मा के परिवार को नागवार गुज़री और उन्हें यह रिश्ता ‘परिवार की इज्जत’ के खिलाफ लगा।
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पढ़ें: इस मंदिर में अब नहीं चढ़ेगा मखाना, नारियल, मिठाई और नकली चांदी के आभूषण, जानिए क्या है वजह
साजिश का मास्टरमाइंड चाचा
पुलिस जांच में सामने आया है कि हत्या की साजिश करिश्मा के चाचा रामकिशोर ने रची थी। वह पिछले छह महीनों से इस रिश्ते को लेकर नाराज था और उसने ठान लिया था कि या तो करिश्मा या सहदेव में से किसी एक को खत्म करना है। पुलिस के अनुसार, अब तक इस मामले में सात आरोपी गिरफ्तार किए जा चुके हैं। इनमें चाचा रामकिशोर (37), बड़ी बहन ललिता, जीजा महिपाल, कैंपर ड्राइवर कैलाश राम (40), करिश्मा के पहले पति का चाचा कुन्नाराम (53), ओमप्रकाश (40) और अब पिता बस्तीराम शामिल हैं। दो आरोपी अब भी फरार हैं, जिनकी तलाश जारी है। यह मामला एक बार फिर यह सवाल खड़ा करता है कि कब तक समाज ‘इज्जत’ के नाम पर प्रेम करने वालों की जान लेता रहेगा। पुलिस की ओर से आगे की जांच जारी है और बाकी आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की उम्मीद है।
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इसके बाद करिश्मा के छोटे भाई सहित अन्य लोगों ने मिलकर सहदेव की बेरहमी से पिटाई की, जिससे उसकी मौत हो गई। हत्या के बाद शव को खेत में फेंककर आरोपी फरार हो गए थे। बस्तीराम घटना के बाद से लगातार फरार चल रहा था। थाना प्रभारी शंभू सिंह शेखावत के अनुसार, जायल, जिला नागौर निवासी बस्तीराम (47) पुत्र दुर्गाराम को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। इस कार्रवाई में हेड कॉन्स्टेबल विजय सिंह की विशेष भूमिका रही।
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करिश्मा ने भी की थी आत्महत्या
इस घटना के महज कुछ दिन बाद, 26 जून को करिश्मा ने आत्महत्या कर ली थी। यह प्रेम कहानी करिश्मा और कॉलेज टीचर सहदेव भाकर की थी, जो सामाजिक बंधनों और परिवार की रुढ़िवादी सोच की बलि चढ़ गई। करिश्मा अजमेर के धारणा गांव की रहने वाली थी। जब वह 11-12 साल की थी, तब उसका बाल विवाह कर दिया गया था, लेकिन उसने यह रिश्ता स्वीकार नहीं किया। आगे चलकर नर्सिंग की पढ़ाई के दौरान उसकी मुलाकात कॉलेज में पढ़ाने वाले सहदेव भाकर से हुई और दोनों में प्रेम हो गया। परिवार के विरोध के बावजूद, करिश्मा और सहदेव ने साथ रहने का फैसला किया और रातंगा गांव में लिव-इन में रहने लगे। यह बात करिश्मा के परिवार को नागवार गुज़री और उन्हें यह रिश्ता ‘परिवार की इज्जत’ के खिलाफ लगा।
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साजिश का मास्टरमाइंड चाचा
पुलिस जांच में सामने आया है कि हत्या की साजिश करिश्मा के चाचा रामकिशोर ने रची थी। वह पिछले छह महीनों से इस रिश्ते को लेकर नाराज था और उसने ठान लिया था कि या तो करिश्मा या सहदेव में से किसी एक को खत्म करना है। पुलिस के अनुसार, अब तक इस मामले में सात आरोपी गिरफ्तार किए जा चुके हैं। इनमें चाचा रामकिशोर (37), बड़ी बहन ललिता, जीजा महिपाल, कैंपर ड्राइवर कैलाश राम (40), करिश्मा के पहले पति का चाचा कुन्नाराम (53), ओमप्रकाश (40) और अब पिता बस्तीराम शामिल हैं। दो आरोपी अब भी फरार हैं, जिनकी तलाश जारी है। यह मामला एक बार फिर यह सवाल खड़ा करता है कि कब तक समाज ‘इज्जत’ के नाम पर प्रेम करने वालों की जान लेता रहेगा। पुलिस की ओर से आगे की जांच जारी है और बाकी आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की उम्मीद है।