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केंद्र से खरीफ की न्यूनतम समर्थन मूल्य बढ़ाने की मांग
अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Mon, 23 Dec 2013 11:31 PM IST
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मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल ने केंद्र से वर्ष 2013-14 के मुकाबले वर्ष 2014-15 की खरीफ की विभिन्न फसलों के न्यूनतम समर्थन मूल्य में बढ़ोतरी की मांग की है।
इससे पहले उन्होंने इस संबंध में राज्य सरकार के प्रस्ताव को हरी झंडी दे दी है।
मुख्यमंत्री कार्यालय के एक प्रवक्ता ने बताया कि राज्य कृषि विभाग ने न्यूनतम समर्थन मूल्य में बढ़ोतरी करने के लिए कृषि लागत आयोग को विस्तृत प्रस्ताव भेज दिया है।
इसमें धान का भाव जो वर्ष 2013-14 में 1310 रुपये प्रति क्विंटल था, को वर्ष 2014-15 में 1800 रुपये प्रति क्विंटल करने के लिए लिखा गया है।
इसी प्रकार ग्रेड- ए के धान का भाव 1345 रुपये प्रति क्विंटल की जगह 1890 रुपये प्रति क्विंटल करने की मांग की है।
प्रवक्ता के अनुसार मुख्यमंत्री ने मक्की का न्यूनतम समर्थन मूल्य 1310 की जगह 1815 रुपये प्रति क्विंटल और कपास का समर्थन मूल्य 3700-4000 से 5300 रुपये प्रति क्विंटल करने का प्रस्ताव सीएसीपी को भेजा है।
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इसी प्रकार उन्होंने मूंग का समर्थन मूल्य 4500 से बढ़ाकर 6100 रुपये, अरहर का 4300 से बढ़ाकर 5800 रुपये और मूंगफली का न्यूनतम समर्थन मूल्य 4000 रुपये प्रति क्विंटल से बढ़ाकर 5200 प्रति क्विंटल करने की मांग की है।
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि कृषि विविधता कार्यक्रम को बढ़ावा देने के लिए वर्ष 2014-15 की खरीफ की फसलों के न्यूनतम समर्थन मूल्य में बढ़ोतरी करने की जरूरत है।
उन्होंने कहा कि मक्की, कपास, मूंग, अरहर और मूंगफली को बढ़ावा देने के लिए ऐसा किया जाना जरूरी है।
गौरतलब है कि राज्य सरकार ने कृषि विविधता कार्यक्रम के तहत पहले ही धान की खेती आगामी पांच वर्षों में 28 लाख हेक्टेयर से घटाकर 12 लाख हेक्टेयर करने की योजना बनाई है।
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इससे पहले उन्होंने इस संबंध में राज्य सरकार के प्रस्ताव को हरी झंडी दे दी है।
मुख्यमंत्री कार्यालय के एक प्रवक्ता ने बताया कि राज्य कृषि विभाग ने न्यूनतम समर्थन मूल्य में बढ़ोतरी करने के लिए कृषि लागत आयोग को विस्तृत प्रस्ताव भेज दिया है।
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इसमें धान का भाव जो वर्ष 2013-14 में 1310 रुपये प्रति क्विंटल था, को वर्ष 2014-15 में 1800 रुपये प्रति क्विंटल करने के लिए लिखा गया है।
इसी प्रकार ग्रेड- ए के धान का भाव 1345 रुपये प्रति क्विंटल की जगह 1890 रुपये प्रति क्विंटल करने की मांग की है।
प्रवक्ता के अनुसार मुख्यमंत्री ने मक्की का न्यूनतम समर्थन मूल्य 1310 की जगह 1815 रुपये प्रति क्विंटल और कपास का समर्थन मूल्य 3700-4000 से 5300 रुपये प्रति क्विंटल करने का प्रस्ताव सीएसीपी को भेजा है।
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इसी प्रकार उन्होंने मूंग का समर्थन मूल्य 4500 से बढ़ाकर 6100 रुपये, अरहर का 4300 से बढ़ाकर 5800 रुपये और मूंगफली का न्यूनतम समर्थन मूल्य 4000 रुपये प्रति क्विंटल से बढ़ाकर 5200 प्रति क्विंटल करने की मांग की है।
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि कृषि विविधता कार्यक्रम को बढ़ावा देने के लिए वर्ष 2014-15 की खरीफ की फसलों के न्यूनतम समर्थन मूल्य में बढ़ोतरी करने की जरूरत है।
उन्होंने कहा कि मक्की, कपास, मूंग, अरहर और मूंगफली को बढ़ावा देने के लिए ऐसा किया जाना जरूरी है।
गौरतलब है कि राज्य सरकार ने कृषि विविधता कार्यक्रम के तहत पहले ही धान की खेती आगामी पांच वर्षों में 28 लाख हेक्टेयर से घटाकर 12 लाख हेक्टेयर करने की योजना बनाई है।