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विश्व सेहत संस्था की रिपोर्ट पर पीपीसीबी ने जताई हैरानी
ब्यूरो, अमर उजाला, पटियाला
Updated Sat, 14 May 2016 03:22 PM IST
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प्रदूषण
- फोटो : डेमो फोटो
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विश्व सेहत संस्था की रिपोर्ट पर आधारित मीडिया में आई खबरों पर पंजाब पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड ने हैरानी जताई है। इन खबरों के मुताबिक पंजाब के चार शहर दुनिया के 25 पहले हवा प्रदूषित शहरों में शुमार हैं। जारी बयान में पीपीसीबी के चेयरमैन मनप्रीत सिंह ने बताया कि विश्व सेहत संस्था की रिपोर्ट के मुताबिक लुधियाना को 12वां, खन्ना को 16वां, अमृतसर को 21वां और गोबिंदगढ़ को 22वां स्थान दिया गया है। इसका आधार रिपोर्ट के अनुसार अति सूक्ष्म कणों को बनाया गया है।
चेयरमैन ने कहा कि पंजाब में नेशनल एयर क्वालिटी मानीटरिंग स्कीम के तहत उक्त शहरों समेत 11 इंडस्ट्रियल शहरों में 24 मानीटरिंग स्टेशन स्थापित हैं। ये हफ्ते में तीन दिन 24 घंटे चलते हैं और इन स्टेशनों से जो पैरामीटर विश्लेषण किए जाते हैं, उनमें सूक्ष्म कण सल्फर डाईआक्साइड और नाइट्रोजन के आक्साइड शामिल हैं। इसके अलावा चार ग्रामीण क्षेत्रों में भी ऐसे स्टेन स्थापित किए हुए हैं। लेकिन बोर्ड कोई भी अन्य सरकारी, अर्ध सरकारी, गैर सरकारी विभागों या कोई भी यूनिवर्सिटी अति सूक्ष्म कणों का विश्लेषण नहीं करती है।
विश्व सेहत संस्था ने अति सूक्ष्ण कणों का डाटा कहां से लिया और कैसे बिना किसी जांच के इस गैर सरकारी डाटा पर विश्वास करके प्रकाशित करवा कर लोगों को भयभीत किया, यह एक चिंता विषय है। इस संबंधी केंद्रीय पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड को पत्र लिखकर तुरंत बैठक बुलाए जाने के लिए लिखा गया है, ताकि सारे मामले की तह तक पहुंचा जा सके।
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चेयरमैन ने कहा कि पंजाब में नेशनल एयर क्वालिटी मानीटरिंग स्कीम के तहत उक्त शहरों समेत 11 इंडस्ट्रियल शहरों में 24 मानीटरिंग स्टेशन स्थापित हैं। ये हफ्ते में तीन दिन 24 घंटे चलते हैं और इन स्टेशनों से जो पैरामीटर विश्लेषण किए जाते हैं, उनमें सूक्ष्म कण सल्फर डाईआक्साइड और नाइट्रोजन के आक्साइड शामिल हैं। इसके अलावा चार ग्रामीण क्षेत्रों में भी ऐसे स्टेन स्थापित किए हुए हैं। लेकिन बोर्ड कोई भी अन्य सरकारी, अर्ध सरकारी, गैर सरकारी विभागों या कोई भी यूनिवर्सिटी अति सूक्ष्म कणों का विश्लेषण नहीं करती है।
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विश्व सेहत संस्था ने अति सूक्ष्ण कणों का डाटा कहां से लिया और कैसे बिना किसी जांच के इस गैर सरकारी डाटा पर विश्वास करके प्रकाशित करवा कर लोगों को भयभीत किया, यह एक चिंता विषय है। इस संबंधी केंद्रीय पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड को पत्र लिखकर तुरंत बैठक बुलाए जाने के लिए लिखा गया है, ताकि सारे मामले की तह तक पहुंचा जा सके।
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