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किसानों के ट्यूबवेलों को नहीं मिल रही पूरी बिजली
ब्यूरो, अमर उजाला, पटियाला
Updated Wed, 04 May 2016 03:05 PM IST
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किसान
- फोटो : डेमो फोटो
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गर्मी में प्रदेश में किसानों के ट्यूबवेलों को एक दिन छोड़कर अगले दिन केवल पांच घंटे की बिजली सप्लाई मिल रही है। इससे सब्जियों, पशुओं के हरे चारे, सूरजमुखी और नरमे की बिजाई पर बुरा असर पड़ रहा है। इस मसले को लेकर भारतीय किसान मंच के राष्ट्रीय प्रधान सतनाम सिंह बहिरू की अगुवाई में किसानों का एक प्रतिनिधिमंडल पावरकॉम के मेंबर डिस्ट्रिब्यूशन को उनके दफ्तर में मिला।
खेतीबाड़ी यूनिवर्सिटी के माहिरों की सिफारिशों के मुताबिक धान की पनीरी बीजने के लिए ट्यूबवेलों को बिजली सप्लाई रोजाना मिलना जरूरी है। किसानों ने मांग की कि ट्यूबवेलों की सप्लाई रोजाना की जाए और यह कम से कम छह घंटे हो। पावरकॉम के मेंबर (डी) ने किसानों के शिष्टमंडल को भरोसा दिलाया कि खेतीबाड़ी ट्यूबवेलों को रोजाना छह घंटे बिजली सप्लाई देना अगले दो-तीन दिनों में शुरू कर दिया जाएगा। इससे किसानों को कोई परेशानी नहीं होगी। प्रतिनिधिमंडल में हरदेव सिंह गिल, गुरमेल सिंह बौसर, गुरदियाल सिंह विर्क और हरविंदर सिंह बलवेड़ा शामिल रहे।
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खेतीबाड़ी यूनिवर्सिटी के माहिरों की सिफारिशों के मुताबिक धान की पनीरी बीजने के लिए ट्यूबवेलों को बिजली सप्लाई रोजाना मिलना जरूरी है। किसानों ने मांग की कि ट्यूबवेलों की सप्लाई रोजाना की जाए और यह कम से कम छह घंटे हो। पावरकॉम के मेंबर (डी) ने किसानों के शिष्टमंडल को भरोसा दिलाया कि खेतीबाड़ी ट्यूबवेलों को रोजाना छह घंटे बिजली सप्लाई देना अगले दो-तीन दिनों में शुरू कर दिया जाएगा। इससे किसानों को कोई परेशानी नहीं होगी। प्रतिनिधिमंडल में हरदेव सिंह गिल, गुरमेल सिंह बौसर, गुरदियाल सिंह विर्क और हरविंदर सिंह बलवेड़ा शामिल रहे।
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