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Patiala News: शंभू बाॅर्डर पर किसान की मौत, पंधेर ने कहा-आंदोलन-2 में 35वीं मौत
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दिल का दौरा पड़ने से हुई मौत, पिछले कईं दिनों से मोर्चे पर डटा था किसान
अमर उजाला ब्यूरो
पटियाला। शंभू बॉर्डर पर चल रहे किसान आंदोलन-2 में डटे एक और किसान की मौत हो गई है। मृतक की पहचान बलविंदर सिंह (72) के तौर पर हुई है। वह मोगा के रहने वाले थे। जानकारी के मुताबिक किसान की तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें इलाज के लिए राजपुरा के अस्पताल ले जाया गया था। जहां से उन्हें पटियाला के अस्पताल रेफर किया गया। वहां से पीजीआई चंडीगढ़ भेजा गया। अब पीजीआई में इलाज के दौरान किसान की मौत हो गई है। बताया जा रहा है कि दिल का दौरा पड़ने से किसान की मौत हुई है। किसान नेता सरवन सिंह पंधेर ने शोक जताते हुए कहा है कि किसान आंदोलन-2 में यह 35वीं मौत है। किसानों की मौत के लिए केंद्र की मोदी सरकार जिम्मेदार है, जो लगातार संघर्ष के बावजूद देश के अन्नदाता किसानों को उनके हक नहीं दे रही है। पंधेर ने एक बार फिर से केंद्र से सभी फसलों के लिए एमएसपी का लीगल गारंटी कानून बनाने और किसानों व मजदूरों को कर्ज मुक्त करने की मांग की। पंधेर ने पंजाब सरकार से मृतक किसान बलविंदर सिंह के परिवार को बनता मुआवजा व नौकरी देने की भी मांग की।
गौरतलब है कि बलविंदर सिंह पिछले कईं दिनों से शंभू मोर्चे में डटे थे। बलविंदर सिंह तीन एकड़ जमीन के मालिक थे। देर शाम बलविंदर सिंह के पार्थिव शरीर को पीजीआई चंडीगढ़ से शंभू मोर्चे पर लाया गया। जहां पर फूलों की वर्षा करके किसानों की ओर से मृतक बलविंदर सिंह को अंतिम श्रद्धांजलि दी गई। इसके बाद किसान के पार्थिव शरीर को मोगा की तरफ रवाना किया। पंधेर ने इस मौके साफ किया कि मांगें पूरी होने तक बार्डरों पर आंदोलन जारी रहेगा। केंद्र सरकार से अपील है कि बातचीत के जरिये किसानों की मांगों को हल किया जाए। पंधेर ने इस मौके पर डीएपी की कमी को लेकर पंजाब सरकार पर निशाना साधा। कहा कि जल्द से जल्द इस समस्या का समाधान किया जाए।
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अमर उजाला ब्यूरो
पटियाला। शंभू बॉर्डर पर चल रहे किसान आंदोलन-2 में डटे एक और किसान की मौत हो गई है। मृतक की पहचान बलविंदर सिंह (72) के तौर पर हुई है। वह मोगा के रहने वाले थे। जानकारी के मुताबिक किसान की तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें इलाज के लिए राजपुरा के अस्पताल ले जाया गया था। जहां से उन्हें पटियाला के अस्पताल रेफर किया गया। वहां से पीजीआई चंडीगढ़ भेजा गया। अब पीजीआई में इलाज के दौरान किसान की मौत हो गई है। बताया जा रहा है कि दिल का दौरा पड़ने से किसान की मौत हुई है। किसान नेता सरवन सिंह पंधेर ने शोक जताते हुए कहा है कि किसान आंदोलन-2 में यह 35वीं मौत है। किसानों की मौत के लिए केंद्र की मोदी सरकार जिम्मेदार है, जो लगातार संघर्ष के बावजूद देश के अन्नदाता किसानों को उनके हक नहीं दे रही है। पंधेर ने एक बार फिर से केंद्र से सभी फसलों के लिए एमएसपी का लीगल गारंटी कानून बनाने और किसानों व मजदूरों को कर्ज मुक्त करने की मांग की। पंधेर ने पंजाब सरकार से मृतक किसान बलविंदर सिंह के परिवार को बनता मुआवजा व नौकरी देने की भी मांग की।
गौरतलब है कि बलविंदर सिंह पिछले कईं दिनों से शंभू मोर्चे में डटे थे। बलविंदर सिंह तीन एकड़ जमीन के मालिक थे। देर शाम बलविंदर सिंह के पार्थिव शरीर को पीजीआई चंडीगढ़ से शंभू मोर्चे पर लाया गया। जहां पर फूलों की वर्षा करके किसानों की ओर से मृतक बलविंदर सिंह को अंतिम श्रद्धांजलि दी गई। इसके बाद किसान के पार्थिव शरीर को मोगा की तरफ रवाना किया। पंधेर ने इस मौके साफ किया कि मांगें पूरी होने तक बार्डरों पर आंदोलन जारी रहेगा। केंद्र सरकार से अपील है कि बातचीत के जरिये किसानों की मांगों को हल किया जाए। पंधेर ने इस मौके पर डीएपी की कमी को लेकर पंजाब सरकार पर निशाना साधा। कहा कि जल्द से जल्द इस समस्या का समाधान किया जाए।
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