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Punjab: शंभू बॉर्डर पर एक और किसान ने तोड़ा दम, 13 फरवरी से शुरू हुए आंदोलन में अब तक 20 की जा चुकी है जान
Wed, 08 May 2024 11:09 AM IST
निवेदिता वर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटियाला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटियाला
Published by: निवेदिता वर्मा
Updated Wed, 08 May 2024 11:09 AM IST
सार
रोज की तरह ही किसान जसवंत सिंह बिना खाना खाए सोया था, लेकिन सुबह वह उठा ही नहीं। किसान नेता सुरजीत सिंह फूल ने बताया कि शव को राजपुरा के सिवलि अस्पताल ले जाया गया, जहां पोस्टमॉर्टम हो गया है।
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जसवंत सिंह
- फोटो : फाइल
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विस्तार
शंभू बॉर्डर पर चल रहे आंदोलन में मंगलवार को एक और किसान की मौत हो गई। मृतक की पहचान जसवंत सिंह (70) निवासी तरनतारन के रूप में हुई है। अब तक आंदोलन में 20 किसान जान गंवा चुके हैं।
साथी किसानों ने बताया कि रोज की तरह ही किसान जसवंत सिंह बिना खाना खाए सोया था, लेकिन सुबह वह उठा ही नहीं। किसान नेता सुरजीत सिंह फूल ने बताया कि शव को राजपुरा के सिवलि अस्पताल ले जाया गया, जहां पोस्टमॉर्टम हो गया है। किसान की मौत के कारणों का खुलासा रिपोर्ट आने के बाद ही हो पाएगा। बता दें जसवंत सिंह की दो बेटियां व एक बेटा है। किसान जत्थेबंदियों ने पीड़ित परिवार को अर्थिक मदद व नौकरी देने की मांग की है। उन्होंने बताया कि 13 फरवरी से शुरू हुए इस आंदोलन में जसवंत पहले दिन से ही बॉर्डर पर डटे थे।
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साथी किसानों ने बताया कि रोज की तरह ही किसान जसवंत सिंह बिना खाना खाए सोया था, लेकिन सुबह वह उठा ही नहीं। किसान नेता सुरजीत सिंह फूल ने बताया कि शव को राजपुरा के सिवलि अस्पताल ले जाया गया, जहां पोस्टमॉर्टम हो गया है। किसान की मौत के कारणों का खुलासा रिपोर्ट आने के बाद ही हो पाएगा। बता दें जसवंत सिंह की दो बेटियां व एक बेटा है। किसान जत्थेबंदियों ने पीड़ित परिवार को अर्थिक मदद व नौकरी देने की मांग की है। उन्होंने बताया कि 13 फरवरी से शुरू हुए इस आंदोलन में जसवंत पहले दिन से ही बॉर्डर पर डटे थे।
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