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विजिलेंस खंगालेगी आईएफएस अफसर के खाते और प्रॉपर्टी
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मोहाली। पंजाब विजिलेंस ब्यूरो ने भ्रष्टाचार के आरोप में गिरफ्तार किए वन विभाग के संरक्षक विशाल चौहान को शुक्रवार विशेष अदालत में पेश किया गया। जहां पर आरोपी का पांच दिन का रिमांड लेने के लिए विजिलेंस ने कई दलीलें रखीं। वहीं अदालत ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद तीन दिन का रिमांड दिया।
विजिलेंस ब्यूरो ने कोर्ट में पक्ष रखा कि आरोपी से जांच के लिए पूछताछ करने की जरूरत है जिसमें आरोपी के बैंक खातों एवं संपत्ति की जांच भी करनी पड़ेगी। आरोपी ने करीब 6 साल में जो कमाई की गई है, उसकी जांच की जरूरत है इसलिए आरोपी का पांच दिन का पुलिस रिमांड दिया जाए। वहीं आरोपी ने दलील दी कि विजिलेंस ब्यूरो को अभी तक कुछ बरामदगी नहीं हुई है। मामले में उन्हें गलत तरीके से फंसाया जा रहा है। अदालत ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद तीन दिन का रिमांड दिया।
याद रहे कि वन विभाग ने डब्ल्यूडब्ल्यूआईसीएस के मालिक सेवानिवृत्त कर्नल बलजीत सिंह संधू के खिलाफ मुकदमा दर्ज करवाया था। मुकदमे के दबाव में डीएफओ एवं वन विभाग के अन्य कर्मचारियों ने देवेंद्र संधू से रिश्वत मांगी थी। इसकी वीडियो रिकॉर्डिंग देवेंद्र संधू ने कर ली थी। मामले में पहले से ही गिरफ्तार डीएफओ गुरअमनप्रीत सिंह ने संरक्षक विशाल चौहान के नाम पर ही रिश्वत मांगी थी। उसी मामले में दूसरे आरोपियों से पूछताछ के बाद उन्हें गिरफ्तार किया गया है।
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विजिलेंस ब्यूरो ने कोर्ट में पक्ष रखा कि आरोपी से जांच के लिए पूछताछ करने की जरूरत है जिसमें आरोपी के बैंक खातों एवं संपत्ति की जांच भी करनी पड़ेगी। आरोपी ने करीब 6 साल में जो कमाई की गई है, उसकी जांच की जरूरत है इसलिए आरोपी का पांच दिन का पुलिस रिमांड दिया जाए। वहीं आरोपी ने दलील दी कि विजिलेंस ब्यूरो को अभी तक कुछ बरामदगी नहीं हुई है। मामले में उन्हें गलत तरीके से फंसाया जा रहा है। अदालत ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद तीन दिन का रिमांड दिया।
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याद रहे कि वन विभाग ने डब्ल्यूडब्ल्यूआईसीएस के मालिक सेवानिवृत्त कर्नल बलजीत सिंह संधू के खिलाफ मुकदमा दर्ज करवाया था। मुकदमे के दबाव में डीएफओ एवं वन विभाग के अन्य कर्मचारियों ने देवेंद्र संधू से रिश्वत मांगी थी। इसकी वीडियो रिकॉर्डिंग देवेंद्र संधू ने कर ली थी। मामले में पहले से ही गिरफ्तार डीएफओ गुरअमनप्रीत सिंह ने संरक्षक विशाल चौहान के नाम पर ही रिश्वत मांगी थी। उसी मामले में दूसरे आरोपियों से पूछताछ के बाद उन्हें गिरफ्तार किया गया है।
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