फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Mohali News ›   Now the government has changed, villages are waiting for health facilities

अब बदल गई सरकार, गांवों को सेहत सुविधाओं का इंतजार

Mon, 21 Mar 2022 02:09 AM IST
Mohali Bureau मोहाली ब्‍यूरो
Updated Mon, 21 Mar 2022 02:09 AM IST
विज्ञापन
Now the government has changed, villages are waiting for health facilities
नयागांव। पंजाब के मुख्यमंत्री आवास से कुछ ही दूरी पर बसे सीमावर्ती गांवों में स्वास्थ्य सुविधाओं का बुरा हाल है। कई गांव में तो डिस्पेंसरी तक नहीं है। आपात स्थिति में फोन करने पर समय पर एंबुलेंस भी उपलब्ध नहीं हो पाती है। ऐसे में ग्रामीण स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए निजी अस्पताल या पड़ोसी प्रदेशों पर निर्भर हैं। पंजाब में शिक्षा एवं चिकित्सा के वादों को लेकर सत्ता में आई आम आदमी पार्टी की सरकार के बाद लोगों को उम्मीद है कि स्वास्थ्य सुविधाओं में कुछ सुधार होगा।
विज्ञापन

चंडीगढ़ एवं हिमाचल की सीमा पर बसे दर्जनों गांव ऐसे हैं जहां पर आज भी स्वास्थ्य सुविधाओं के नाम पर कुछ नहीं है। मसोल, टांडा, टांडी, काने का बाड़ा, करोंदेवाला, भगिंडी, गुड़ा, कसौली, मिर्जापुर ऐसे दर्जनों गांव हैं जहां लोग स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए अभी भी सरकार से सिर्फ उम्मीद करते हैं। इन गांव में कोई सरकारी डिस्पेंसरी भी नहीं है। अगर किसी ग्रामीण को बुखार भी हो जाए तो दवाई लेने के लिए कई किलोमीटर दूर शहर का रुख करना पड़ता है। सबसे ज्यादा परेशानी गर्भवती महिलाओं को होती है। कई गांवों मे अभी भी जच्चा बच्चा का टीका भी नहीं लगता है। महिलाओं को टीका लगवाने के लिए भी कई किलोमीटर दूर जाना पड़ता है। यही नहीं इनमें से कई गांवों में यातायात का साधन भी उपलब्ध नहीं है। आज भी ग्रामीण प्रसव से पूर्व महिलाओं को अपने रिश्तेदारों के घरों पर भेज देते हैं, ताकि आपात स्थिति में उन्हें किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
विज्ञापन

स्वास्थ्य सुविधाओं के अभाव में पिछले साल हो चुका है महिला के साथ हादसा
हरियाणा की सीमा पर बसे गांव मसोल में गत वर्ष 9 अक्तूबर को स्वास्थ्य सुविधाएं न होने के कारण एक गर्भवती महिला के साथ हादसा हो चुका है। जिसमें गर्भवती महिला को बाइक पर अस्पताल ले जाया जा रहा था। लेकिन रास्ते में ही महिला ने बच्ची को जन्म दिया था। जिस कारण बच्ची की तबीयत मौके पर बिगड़ गई और अस्पताल में मृत्यु हो गई थी।
विज्ञापन
विज्ञापन

सरकार को चाहिए कि जो वादे उन्होंने चुनाव में जनता से किए हैं उन पर जल्द से जल्द काम हो। उम्मीद है कि सरकार स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए जल्द ही कोई पहल करेगी। लोगों को कुछ राहत मिल सके।
- प्रदीप कौर, सरपंच ग्राम पंचायत बड़ी करोर
कई सरकार आते जाते देखी है। लेकिन अभी भी गांव वासियों को अच्छी स्वास्थ्य सुविधाओं की उम्मीद ही है। जिस प्रकार इस सरकार ने वादे किए हैं उस हिसाब से जल्द ही गांव में स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध होनी चाहिए। जो पिछले काफी समय से महिलाओं को दिक्कत आ रही है। वह दूर हो सके।
- चरणजीत कौर, पंच गांव मसोल
हमारे इलाके में स्वास्थ्य सुविधाओं के नाम पर कुछ भी नहीं है। पिछली सरकारों ने इलाके की अनदेखा की है। विधानसभा चुनाव में जनता ने आम आदमी पार्टी की सरकार को पूरा समर्थन दिया है। अब सरकार का काम है कि वह लोगों को सुविधाएं उपलब्ध करवाएं।

- सुरेंद्र कौर, सरपंच भगिंडी
इलाके की गर्भवती महिलाओं को स्वास्थ्य सुविधा न मिलने से समस्याओं का सामना करना पड़ता है। प्रसव पूर्व महिलाओं को जांच के लिए कई किलोमीटर दूर जाना पड़ता है। इसलिए स्वास्थ्य सुविधाएं गांव में ही उपलब्ध होनी चाहिए।
- क्रिमिता देवी, सरपंच गांव गुड़ा
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed