मोहाली। सर्व शिक्षा अभियान के तहत कच्चे मुलाजिमों को पक्का करने के एलान को अमलीजामा पहनाने के लिए सीएम चरणजीत सिंह चन्नी की सरकार के खिलाफ विभागों के मुलाजिम और शिक्षक अब आरपार की लड़ाई के मूड में हैं। जोरशोर से चल धरने के 5वें दिन शिक्षाकर्मियों की ओर से सरकार के रवैये को देखते हुए 27 नवंबर को राज्य स्तरीय रैली करते हुए एक बड़ा आंदोलन करने का एलान किया गया है।
जानकारी के मुताबिक, सर्व शिक्षा अभियान मिड-डे-मील के दफ्तरों में पिछले 12-14 साल से मुलाजिम काम कर रहे हैं। लेकिन सरकार ने अभी तक इन्हें स्थायी करने के ऑर्डर जारी नहीं किए। अभियान के तहत काम करते हुए 8,886 अध्यापकों को पंजाब सरकार की ओर से 1 अप्रैल 2018 को स्थायी कर दिया था। लेकिन दफ्तरी कर्मचारियों को अनदेखा किया गया। वित्त विभाग से मंजूरी के बावजूद भी दफ्तरी कर्मचारियों को स्थायी नहीं किया जा रहा है। जबकि सर्व शिक्षा अभियान मिड-डे मील दफ्तरी कर्मचारी यूनियन पंजाब के नेता आशीष जुलाहा, विकास कुमार, प्रवीण शर्मा, हरप्रीत सिंह, दविंदरजीत सिंह ने कहा कि मुलाजिम अब आरपार की लड़ाई में कूद गए हैं। नेताओं ने कहा कि 36 हजार अस्थायी मुलाजिमों को पक्का करने का चन्नी सरकार सिर्फ दिखावा कर रही है। अगर सरकार की नीयत सही है तो तुरंत एक्ट को नोटिफाई करके विभागों को हिदायतें जारी करते हुए सभी अस्थायी मुलाजिमों को स्थायी करने के ऑर्डर जारी किए जाएं।