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Mohali News: फैक्टरी में ऑक्सीजन भरते फटा सिलिंडर<bha>;</bha> धमाके से उड़ी छत, दो मजूदरों की मौत, चार घायल
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मोहाली। इंडस्ट्रियल एरिया फेज-9 में बुधवार सुबह एक ऑक्सीजन प्लांट में सिलिंडर भरते हुए जबरदस्त धमाका हो गया। इसमें दो मजदूरों की मौत हो गई जबकि चार गंभीर घायल हैं। धमाका इतना जोरदार था कि फैक्टरी की छत उड़ गई और आसपास की इमारतों की दीवारें हिलने के साथ शीशे टूट गए। बताया जा रहा है कि यह धमाका प्लांट में सुरक्षा मानकों की अनदेखी के कारण हुआ। यह प्लांट ट्राइसिटी समेत पंजाब के सभी सरकारी व निजी अस्पतालों में ऑक्सीजन सिलिंडरों की सप्लाई करता है।
यह हादसा सुबह करीब 9 बजे प्लॉट नंबर 315-16 में स्थित हाईटेक ऑक्सीजन प्लांट में हुआ। धमाका इतना भीषण था कि उत्तरप्रदेश के बरेली के रहने वाले 27 साल के देवेंद्र और 25 साल के लखनऊ निवासी आसिफ अली की मौके पर ही मौत हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक धमाके की वजह से देवेंद्र के शरीर के कई हिस्से अलग-अलग जगह पर जा गिरे, जबकि आसिफ का सीना फट गया। वहीं, हादसे में अशोक (44), सर्वेश (45), सचिन (24), और अकबर (50) गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को तुरंत फेज-6 के सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया है। उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है। हादसे की सूचना के बाद एम्स मोहाली की डायरेक्टर डॉ. भवनीत भारती अस्पताल पहुंचीं और घायलों का हालचाल जाना। हालांकि, धमाके के असल कारणों का पता नहीं चल पाया है लेकिन कुछ प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि ऑक्सीजन सिलिंडर गाड़ी में लोड करते समय जोरदार झटका लगने या दबाव पड़ने से धमाका हो गया।
प्लांट सुपरवाइजरों के खिलाफ केस दर्ज
डीएसपी हरसिमरन सिंह बल ने बताया कि फेज-11 पुलिस ने फैक्टरी में काम करने वाले अकबर अली के बयान पर प्लांट के सुपरवाइजरों के खिलाफ आईपीसी की धारा 106 के तहत मामला दर्ज कर लिया है। इसके अलावा जांच में जो भी लापरवाही का दोषी पाया जाएगा, उसका नाम एफआईआर में जोड़ा जाएगा। उधर, फैक्टरी मालिक एसएच सचदेवा ने कहा है कि घायलों के इलाज का खर्च उठाया जा रहा है। मृतकों के परिवारों से भी बात की जा रही है। हरसंभव मदद की जाएगी।
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डीएसपी सिटी-2 मोहाली को सौंपी जांच
हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस और जिला प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंचीं। एसएसपी हरमनदीप सिंह हंस, डिप्टी मेयर कुलजीत सिंह बेदी और एसडीएम दमनप्रीत कौर ने मौके का जायजा लिया। पांच घंटे तक पुलिस और प्रशासन की टीमें मौके पर जुटी रहीं। इस दौरान फैक्टरी के बाहर भारी भीड़ जमा हो गई थी। भीड़ को नियंत्रित करने में पुलिस को काफी मशक्कत करनी पड़ी। मोहाली की डिप्टी कमिश्नर कोमल मित्तल ने बताया कि डीएसपी सिटी-2 मोहाली को मामले की जांच सौंपी गई है। एक सप्ताह के भीतर रिपोर्ट देने को कहा गया है। फिलहाल विस्फोट का सही कारण स्पष्ट नहीं है लेकिन ऐसा लग रहा है कि सिलिंडर लोड करते समय किसी झटके से यह हादसा हुआ।
मुख्यमंत्री ने जताया दुख
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने ट्वीट कर हादसे पर दुख व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि प्रशासन की टीमें मौके पर मौजूद हैं और वे स्थिति पर लगातार नजर रखे हुए हैं।
ड्यूटी के बाद ओवरटाइम चल रहा था
यह ऑक्सीजन फैक्टरी करीब 30 साल पुरानी है। यहां काफी मजदूर काम करते हैं। मृतकों के परिजनों का कहना है कि फैक्टरी में सुबह 6 बजे तक ड्यूटी होती है। फैक्टरी में जान गंवाने वाले और गंभीर घायल मरीज धमाके के समय ओवरटाइम कर हे थे। प्रत्यक्षदर्शी राजा ने बताया कि धमाके के काफी देर बाद फैक्टरी में एंबुलेंस पहुंची, वह खुद अपनी गाड़ी में घायलों को अस्पताल ले गए। मृतक देवेंद्र के रिश्तेदार ने बताया कि नाइट ड्यूटी के बाद वह फैक्टरी में ही नहाया था। घर जाने की तैयारी कर रहा था। इसी बीच जोरदार धमाका हो गया। वह मूलरूप से यूपी में बरेली का रहने वाला था।
बेटे की दुर्घटना की खबर सुन पहुंचा पिता
मृतक आसिफ अली के पिता मोहम्मद मजीद ने बताया कि वह मूलरूप से लखनऊ के रहने वाले हैं। उन्हें सूचना मिली कि आसिफ अली का एक्सीडेंट हो गया है। उन्हें फैक्टरी में आने के लिए कहा गया। जब फैक्टरी पहुंचे तो पता चला कि बेटा धमाके का शिकार हो गया। करीब एक साल पहले आसिफ की मां की कैंसर से मौत हो गई थी। आसिफ मोहाली में अपनी मासी के पास रहता था।
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यह हादसा सुबह करीब 9 बजे प्लॉट नंबर 315-16 में स्थित हाईटेक ऑक्सीजन प्लांट में हुआ। धमाका इतना भीषण था कि उत्तरप्रदेश के बरेली के रहने वाले 27 साल के देवेंद्र और 25 साल के लखनऊ निवासी आसिफ अली की मौके पर ही मौत हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक धमाके की वजह से देवेंद्र के शरीर के कई हिस्से अलग-अलग जगह पर जा गिरे, जबकि आसिफ का सीना फट गया। वहीं, हादसे में अशोक (44), सर्वेश (45), सचिन (24), और अकबर (50) गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को तुरंत फेज-6 के सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया है। उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है। हादसे की सूचना के बाद एम्स मोहाली की डायरेक्टर डॉ. भवनीत भारती अस्पताल पहुंचीं और घायलों का हालचाल जाना। हालांकि, धमाके के असल कारणों का पता नहीं चल पाया है लेकिन कुछ प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि ऑक्सीजन सिलिंडर गाड़ी में लोड करते समय जोरदार झटका लगने या दबाव पड़ने से धमाका हो गया।
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प्लांट सुपरवाइजरों के खिलाफ केस दर्ज
डीएसपी हरसिमरन सिंह बल ने बताया कि फेज-11 पुलिस ने फैक्टरी में काम करने वाले अकबर अली के बयान पर प्लांट के सुपरवाइजरों के खिलाफ आईपीसी की धारा 106 के तहत मामला दर्ज कर लिया है। इसके अलावा जांच में जो भी लापरवाही का दोषी पाया जाएगा, उसका नाम एफआईआर में जोड़ा जाएगा। उधर, फैक्टरी मालिक एसएच सचदेवा ने कहा है कि घायलों के इलाज का खर्च उठाया जा रहा है। मृतकों के परिवारों से भी बात की जा रही है। हरसंभव मदद की जाएगी।
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डीएसपी सिटी-2 मोहाली को सौंपी जांच
हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस और जिला प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंचीं। एसएसपी हरमनदीप सिंह हंस, डिप्टी मेयर कुलजीत सिंह बेदी और एसडीएम दमनप्रीत कौर ने मौके का जायजा लिया। पांच घंटे तक पुलिस और प्रशासन की टीमें मौके पर जुटी रहीं। इस दौरान फैक्टरी के बाहर भारी भीड़ जमा हो गई थी। भीड़ को नियंत्रित करने में पुलिस को काफी मशक्कत करनी पड़ी। मोहाली की डिप्टी कमिश्नर कोमल मित्तल ने बताया कि डीएसपी सिटी-2 मोहाली को मामले की जांच सौंपी गई है। एक सप्ताह के भीतर रिपोर्ट देने को कहा गया है। फिलहाल विस्फोट का सही कारण स्पष्ट नहीं है लेकिन ऐसा लग रहा है कि सिलिंडर लोड करते समय किसी झटके से यह हादसा हुआ।
मुख्यमंत्री ने जताया दुख
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने ट्वीट कर हादसे पर दुख व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि प्रशासन की टीमें मौके पर मौजूद हैं और वे स्थिति पर लगातार नजर रखे हुए हैं।
ड्यूटी के बाद ओवरटाइम चल रहा था
यह ऑक्सीजन फैक्टरी करीब 30 साल पुरानी है। यहां काफी मजदूर काम करते हैं। मृतकों के परिजनों का कहना है कि फैक्टरी में सुबह 6 बजे तक ड्यूटी होती है। फैक्टरी में जान गंवाने वाले और गंभीर घायल मरीज धमाके के समय ओवरटाइम कर हे थे। प्रत्यक्षदर्शी राजा ने बताया कि धमाके के काफी देर बाद फैक्टरी में एंबुलेंस पहुंची, वह खुद अपनी गाड़ी में घायलों को अस्पताल ले गए। मृतक देवेंद्र के रिश्तेदार ने बताया कि नाइट ड्यूटी के बाद वह फैक्टरी में ही नहाया था। घर जाने की तैयारी कर रहा था। इसी बीच जोरदार धमाका हो गया। वह मूलरूप से यूपी में बरेली का रहने वाला था।
बेटे की दुर्घटना की खबर सुन पहुंचा पिता
मृतक आसिफ अली के पिता मोहम्मद मजीद ने बताया कि वह मूलरूप से लखनऊ के रहने वाले हैं। उन्हें सूचना मिली कि आसिफ अली का एक्सीडेंट हो गया है। उन्हें फैक्टरी में आने के लिए कहा गया। जब फैक्टरी पहुंचे तो पता चला कि बेटा धमाके का शिकार हो गया। करीब एक साल पहले आसिफ की मां की कैंसर से मौत हो गई थी। आसिफ मोहाली में अपनी मासी के पास रहता था।