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मोहाली जिले में डेंगू से 15 साल के बच्चे ने तोड़ा दम, 58 नए मरीज आए सामने
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मोहाली। वीआईपी जिले में डेंगू का संकट गहराया हुआ है। फेज-6 के एक निजी अस्पताल में एक 15 वर्षीय बच्चे की डेंगू से मौत हो गई। जबकि जिले में 58 लोगों में डेंगू की पुष्टि हुई है। इसके साथ ही जिले में डेंगू से मरने वालों की संख्या 33 हो गई है और मरीजों की कुल संख्या 3293 पहुंच गई है। सिविल सर्जन डॉ. आदर्श पाल कौर ने बताया कि फेज-6 के निजी अस्पताल में बच्चे की मौत हुई है। यह मौत 5 तारीख को हुई थी। हालांकि अस्पताल की तरफ से इस संबंधी सूचना सोमवार को दी गई है।
जानकारी के मुताबिक सोमवार को भी जिले के सरकारी अस्पतालों में काफी संख्या में डेंगू के संदिग्ध मरीज जांच के लिए पहुंचे थे। इस दौरान सेहत विभाग की टीम की तरफ से 104 संदिग्ध मरीजों के सैंपल लिए गए। इनमें से 58 लोगों में डेंगू की पुष्टि हुई है। इस दौरान संक्रमित हुए मरीजों में 6 लोग बाहरी जिलों से संबंध रखते हैं। सिविल सर्जन की तरफ से सोमवार को एक बार फिर लोगों को डेंगू से बचने के लिए एडवाइजरी जारी की गई है। उन्होंने कहा कि भले ही डेंगू का मच्छर पैदा होने का कोई पक्का मौसम नहीं है, लेकिन 30 नवंबर तक अलर्ट रहने की जरूरत है। उन्होंने लोगों को नसीहत दी है कि किसी भी तरह की जरूरत पड़ने पर टोल फ्री नंबर 104 पर संपर्क करें।
डेंगू से निपटने के लिए डटी 13 टीमें
सिविल सर्जन ने बताया कि डेंगू के मरीजों को अपने शरीर में तरल पदार्थ की कमी नहीं होने देनी चाहिए। ऐसे में अधिक से अधिक तरल पदार्थ पीने चाहिए। उन्होंने बताया कि सेहत विभाग की तरफ 13 टीमें गठित की गई है जो कि लोगों को इस महामारी से बचाने के लिए जुटी हुई है। उन्होंने बताया कि यह टीमें मार्च से लगातार काम कर रही है और साथ ही गांवों और शहरों में युद्घ स्तर पर काम कर रही हैं।
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जानकारी के मुताबिक सोमवार को भी जिले के सरकारी अस्पतालों में काफी संख्या में डेंगू के संदिग्ध मरीज जांच के लिए पहुंचे थे। इस दौरान सेहत विभाग की टीम की तरफ से 104 संदिग्ध मरीजों के सैंपल लिए गए। इनमें से 58 लोगों में डेंगू की पुष्टि हुई है। इस दौरान संक्रमित हुए मरीजों में 6 लोग बाहरी जिलों से संबंध रखते हैं। सिविल सर्जन की तरफ से सोमवार को एक बार फिर लोगों को डेंगू से बचने के लिए एडवाइजरी जारी की गई है। उन्होंने कहा कि भले ही डेंगू का मच्छर पैदा होने का कोई पक्का मौसम नहीं है, लेकिन 30 नवंबर तक अलर्ट रहने की जरूरत है। उन्होंने लोगों को नसीहत दी है कि किसी भी तरह की जरूरत पड़ने पर टोल फ्री नंबर 104 पर संपर्क करें।
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डेंगू से निपटने के लिए डटी 13 टीमें
सिविल सर्जन ने बताया कि डेंगू के मरीजों को अपने शरीर में तरल पदार्थ की कमी नहीं होने देनी चाहिए। ऐसे में अधिक से अधिक तरल पदार्थ पीने चाहिए। उन्होंने बताया कि सेहत विभाग की तरफ 13 टीमें गठित की गई है जो कि लोगों को इस महामारी से बचाने के लिए जुटी हुई है। उन्होंने बताया कि यह टीमें मार्च से लगातार काम कर रही है और साथ ही गांवों और शहरों में युद्घ स्तर पर काम कर रही हैं।
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