फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Punjab ›   Ludhiana News ›   PUNBUS and PRTC employees warned of indefinite strike from December 7

पनबस व पीआरटीसी कर्मचारियों की चेतावनी: हमारी मांगें पूरी करे सरकार वरना सात दिसंबर से अनिश्चितकालीन हड़ताल

Fri, 03 Dec 2021 09:49 PM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लुधियाना (पंजाब)
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लुधियाना (पंजाब) Published by: ajay kumar Updated Fri, 03 Dec 2021 09:49 PM IST
सार

पनबस और पीआरटीसी के संविदा कर्मियों ने सात दिसंबर से अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी दी है। यूनियन का कहना है कि सरकार छह दिसंबर तक अगर उनकी मांग नहीं मानती है तो वह हड़ताल शुरू कर देंगे। 

विज्ञापन
PUNBUS and PRTC employees warned of indefinite strike from December 7
फाइल फोटो।

विस्तार

पनबस-पीआरटीसी कांट्रैक्ट वर्कर यूनियन अब सरकार से आर-पार की लड़ाई के मूड में आ चुकी है। शुक्रवार को पंजाब से सभी बस डिपो पर यूनियन ने दो घंटे तक चक्काजाम किया। इस दौरान किसी बस को डिपो से बाहर नहीं जाने दिया गया और न ही कोई बस अंदर आ सकी। 

विज्ञापन


लुधियाना बस स्टैंड पर सुबह 10 बजे से दोहर 12 बजे तक पूरी तरह से चक्का जाम रखा। इस दौरान यूनियन नेताओं ने सरकार को चेतावनी देते साफ कहा कि अगर छह दिसंबर तक उनकी मांगों को हल नहीं किया जाता है तो सात दिसंबर से वह अनिश्चिलकालीन हड़ताल पर चले जाएंगे। इसके बाद अन्य यूनियन के सहयोग से सरकार के खिलाफ संघर्ष होगा। 
विज्ञापन


लुधियाना डिपो प्रधान सतनाम सिंह और पीआरटीसी प्रदेश नेता जगतार सिंह ने कहा कि बीते लंबे समय से परिवहन विभाग के कच्चे मुलाजिमों को पक्का नहीं किया जा रहा है। पहले पूर्व सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह ने भरोसा दिया, छह अक्तूबर 2021 को नए परिवहन मंत्री राजा वड़िंग ने भरोसा दिया फिर 12 अक्तूबर को नए सीएम चन्नी ने भरोसा दिया कि 20 दिन में सभी को पक्का किया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन


नए एक्ट के आने से यह साफ हो गया कि परिवहन विभाग का एक भी मुलाजिम पक्का नहीं होगा। 22 नवंबर को सरकार के साथ बैठक में उन्हें भरोसा दिया गया कि कैबिनेट की पहली बैठक में उनकी मांगों को पूरा कर दिया जाएगा। एक दिसंबर की कैबिनेट बैठक में ऐसा कुछ नहीं किया गया। 

बैंक से कर्जा लेकर डाली जाती है बसें 

यूनियन नेता शमशेर सिंह ढिल्लो ने बताया कि उनकी मांग है कि 10 हजार सरकारी बसें की जाए। सरकार के खजाने पर इसका कोई बोझ नहीं पड़ता है क्योंकि पनबस और पीआरटीसी बैंक से कर्ज लेकर बसों को डालते है। इन्हें चलाने वाले मुलाजिम अपनी मेहनत के साथ कर्ज उतारते है। इसका सरकारी खजाने से दूर का कोई संबंध नहीं है फिर भी सरकार अपनी पीठ थपथपाती है।



इस समय पंजाब रोडवेज की 2407 बसों का बेड़ा 399 तक सिमट चुका है। पंजाब की आबादी दो करोड़ तक पहुंच गई है। पंजाब सरकार फ्री सुविधा देने का लालीपाप दे रही है। इतनी बसों में क्या मुफ्त सुविधा आम लोगों को दे सकते हैं। इस मौके पर यूनियन नेता गुरविंदर सिंह, सुखविंदर सिंह, कैशियर जतिंदर सिंह, गुरजंट सिंह, रविंद सिंह सहित कई नेता मौजूद रहे।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed