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बीमा संशोधन बिल प्रस्तावों पर फूटा गुस्सा
Ludhiana
Updated Tue, 23 Apr 2013 05:30 AM IST
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लुधियाना। संसद के बजट सत्र में बीमा संशोधन बिल पेश होने की आशंकाओं के बीच साधारण और जीवन बीमा मुलाजिमों ने इसका विरोध शुरू कर दिया है। सोमवार को बीमा कर्मियों ने पक्खोवाल रोड पर मानव शृंखला बनाकर रोष जताया और साफ किया कि इस बिल को कतई लागू नहीं होने दिया जाएगा। बीमा कर्मी इस क्षेत्र में निजी हिस्सेदारी को बढ़ावा देने का विरोध कर रहे हैं। प्रदर्शन नार्दर्न जोन इंश्योरेंस एंप्लाइज एसोसिएशन के बैनर तले किया गया। नेताओं ने साफ किया कि यदि सरकार ने बिल को अमल में लाया तो संघर्ष और तेज किया जाएगा। बीमा कर्मी संशोधन बिल के अलावा पेंशन फंड डेवलपमेंट अथॉरिटी के प्रावधानों का भी विरोध कर रहे हैं। कर्मियों की मांग है कि बीस संशोधन बिल रद किया जाए। निजीकरण को बंद किया जाए। एसोसिएशन के प्रवक्ता मान सिंह ने कहा कि सरकार बीमा क्षेत्र में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश को 26 से बढ़ा कर 49 फीसदी करना चाहती है। नतीजतन इस क्षेत्र में विदेशी दखल बढ़ेगा। प्रदर्शन के दौरान बीमा कर्मियों ने सरकार के खिलाफ जम कर नारेबाजी की। इस अवसर पर बड़ी संख्या में महिला कर्मी भी मौजूद रहीं।
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