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यूक्रेन संकट: बंकर में छिपा है बेटा, पंजाब में बिलखते पिता ने कहा- फोन नहीं लगता है तो बेचैन हो उठता हूं
Wed, 02 Mar 2022 02:11 PM IST
पंजाब ब्यूरो
मनमोहन सिंह, संवाद न्यूज एजेंसी, जालंधर (पंजाब)
मनमोहन सिंह, संवाद न्यूज एजेंसी, जालंधर (पंजाब)
Published by: पंजाब ब्यूरो
Updated Wed, 02 Mar 2022 02:11 PM IST
सार
जालंधर के अनिकेत शर्मा यूक्रेन में युद्ध के बीच फंसे हैं। उन्होंने बंकर में शरण ले रखी है। सुरक्षा को लेकर उनके पिता बेहद चिंतित हैं।
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अनिकेत शर्मा अपने पिता हेमंत शर्मा के साथ।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी (फाइल फोटो)
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विस्तार
यूक्रेन में रूसी गोलाबारी के दौरान एक भारतीय छात्र की मौत की खबर ने पंजाब में दहशत फैला दी है। कर्नाटक के छात्र नवीन की मौत की खबर से जालंधर के एक परिवार में भी खौफ है। यह परिवार है यूक्रेन में फंसे छात्र अनिकेत शर्मा का। अनिकेत भी मेडिकल की पढ़ाई करने यूक्रेन गया है। अनिकेत के पिता हेमंत शर्मा ने बताया कि उनका बेटा चार दिन से बंकर में छिपा है। उससे लगातार बात होती है लेकिन जब उसका फोन नहीं लगता है तो दिल बेचैन हो उठता है, मन शंका में डूब जाता है, खतरे का अहसास होने लगता है।
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उन्होंने कहा कि मेरा बेटा मेरी सांस है। उन्होंने सरकार से अनुरोध किया कि उसको जल्द से जल्द वापस लाया जाए। उन्होंने कहा कि कई माता-पिता के बच्चे यूक्रेन में फंसे हैं, सरकार जितनी जल्दी हो सके उनको वापस लाए। बच्चों के पास खाने-पीने की वस्तुएं न के बराबर हैं। उन्होंने कहा कि लाखों रुपये खर्च करके उन्होंने अपने बच्चे को पढ़ने के लिए विदेश में भेजा था जिससे भविष्य सुनहरा हो सके।
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अब बच्चों की जिंदगी कैद नजर आती है। परिस्थितियां हर दिन के साथ बिगड़ती जा रहीं है, सरकार रूस के साथ अप्रत्यक्ष रूप से खड़ी है तो वह रूस से बात कर बंकरों में फंसे बच्चों को यूक्रेन से लगती अन्य देशों की सीमाओं तक पहुंच जाने तक गोलाबारी रोकने को कहे। जहां से बच्चे घर वापस लौट सकें। अब बच्चों की पुकार ने रात की नींद उड़ा दी है। घटना ने देश के एक छात्र नहीं छीना है बल्कि अन्य छात्रों की जिंदगी कैसी कट रही होगी इससे परिचय करवाया है।
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