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दूसरे दिन भी पुलिस को नहीं लगा हरभजन का सुराग
Updated Sun, 19 Aug 2018 10:04 PM IST
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दूसरे दिन भी पुलिस को नहीं लगा हरभजन का सुराग
पुलिस आरोपियों को ढूंढने के लिए कर रही छापामारी
पुलिस ने हरभजन समेत तीन पर किया मामला दर्ज
अमर उजाला ब्यूरो
फिरोजपुर। गांव घल्लखुर्द के पास हथियारों के बल पर दो व्यक्तियों द्वारा पुलिस कस्टडी से छुड़वाकर लेकर गए तस्कर हरभजन का दूसरे दिन भी पुलिस सुराग लगाने में असमर्थ रही है। हरभजन को पकड़ने के लिए पुलिस आधुनिक तकनीकों के साथ संभावित स्थलों पर छापेमारी कर रही है। उक्त घटना पर पटियाला पुलिस के हवलदार सुरिंदर सिंह के बयान पर तस्कर हरभजन व दो आरोपियों पर थाना घल्लखुर्द में मामला दर्ज किया है।
तस्कर हरभजन को सवा दो साल पहले तत्कालीन एसएसपी हरदयाल सिंह मान ने 25 किलो हेरोइन के साथ पकड़ा था, इसके भाई जोगिंदर सिंह उर्फ जीता को एसटीएफ ने 1 अक्टूबर 2017 को तरनतारन जिले में मुठभेड़ के दौरान गिरफ्तार किया था, इस समय तस्कर का पूरा परिवार विभिन्न जेलों में बंद है। हरभजन को हथकड़ी समेत शनिवार की शाम पांच बजे उस समय आरोपियों ने पुलिस कस्टडी से छुड़वाया था, जब वह खाना खाने के लिए नहरों के पास सुनसान जगह पर तीन पुलिस जवानों के साथ बस से नीचा उतरा था, ढाबे में बैठते ही घात लगाए खड़े दो बाइक पर तीन आरोपियों ने फायरिंग करते हुए उसे छुड़ा ले गए थे।
उधर, एसपी (एच) मनविंदर सिंह ने बताया कि पुलिस द्वारा हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं, जल्द ही आरोपियों को पकड़ लिया जाएगा। मामले में पटियाला पुलिस की शिकायत पर थाना घल्लखुर्द में आरोपियों पर केस दर्ज किया गया है, इसके अलावा डीएसपी (डी) व सीआईए स्टाफ के प्रभारी के संयुक्त नेतृत्व में पुलिस छापामारी कर रही है। पटियाला पुलिस की संदिग्ध भूमिका के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि शाम के समय पटियाला पुलिस के जवान आरोपी को खाना खिलाने के लिए बस से क्यों नीचे उतरे, जांच के बाद ही कुछ कहा जा सकेगा। उन्होंने कहा कि अगर पुलिस कर्मियों की भूमिका पाई गई तो कार्रवाई होगी। घायल हवलदार लक्ष्मण सिंह के बारे में उन्होंने कहा कि फरीदकोट मेडिकल कालेज में उसका इलाज चल रहा है और उसकी हालत खतरे से बाहर है।
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पुलिस पर उठ रहे सवाल
1. फिरोजपुर कचहरी के आसपास कई ढाबे, वहां क्यों नहीं खाया खाना?
2. फिरोजपुर से बस पर सवार होने के बाद क्यों उतरे घल्लखुर्द की दो नहरों के पास?
3. तीनों मुलाजिमों के पास बंदूक होने के बावजूद क्यों नहीं चलाई आरोपियों पर गोली?
4. आरोपियों के कैसे पता था कि बस से घल्लखुर्द नहरों के पास उतरेंगे और खाएंगे भोजन?
5. कुख्यात तस्कर हरभजन को नाभा जेल के अधिकारियों ने स्पेशल गाड़ी से क्यों नहीं भेजा?
6. फिरोजपुर सेंट्रल जेल से हरभजन को इसीलिए भेजा नाभा जेल, क्योंकि तस्करों का प्रयास था हरभजन को जेल से भगाने का?
7. फिरोजपुर से लुधियाना व पटियाला की सीधी क्यों नहीं पकड़ी बस?
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पुलिस आरोपियों को ढूंढने के लिए कर रही छापामारी
पुलिस ने हरभजन समेत तीन पर किया मामला दर्ज
अमर उजाला ब्यूरो
फिरोजपुर। गांव घल्लखुर्द के पास हथियारों के बल पर दो व्यक्तियों द्वारा पुलिस कस्टडी से छुड़वाकर लेकर गए तस्कर हरभजन का दूसरे दिन भी पुलिस सुराग लगाने में असमर्थ रही है। हरभजन को पकड़ने के लिए पुलिस आधुनिक तकनीकों के साथ संभावित स्थलों पर छापेमारी कर रही है। उक्त घटना पर पटियाला पुलिस के हवलदार सुरिंदर सिंह के बयान पर तस्कर हरभजन व दो आरोपियों पर थाना घल्लखुर्द में मामला दर्ज किया है।
तस्कर हरभजन को सवा दो साल पहले तत्कालीन एसएसपी हरदयाल सिंह मान ने 25 किलो हेरोइन के साथ पकड़ा था, इसके भाई जोगिंदर सिंह उर्फ जीता को एसटीएफ ने 1 अक्टूबर 2017 को तरनतारन जिले में मुठभेड़ के दौरान गिरफ्तार किया था, इस समय तस्कर का पूरा परिवार विभिन्न जेलों में बंद है। हरभजन को हथकड़ी समेत शनिवार की शाम पांच बजे उस समय आरोपियों ने पुलिस कस्टडी से छुड़वाया था, जब वह खाना खाने के लिए नहरों के पास सुनसान जगह पर तीन पुलिस जवानों के साथ बस से नीचा उतरा था, ढाबे में बैठते ही घात लगाए खड़े दो बाइक पर तीन आरोपियों ने फायरिंग करते हुए उसे छुड़ा ले गए थे।
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उधर, एसपी (एच) मनविंदर सिंह ने बताया कि पुलिस द्वारा हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं, जल्द ही आरोपियों को पकड़ लिया जाएगा। मामले में पटियाला पुलिस की शिकायत पर थाना घल्लखुर्द में आरोपियों पर केस दर्ज किया गया है, इसके अलावा डीएसपी (डी) व सीआईए स्टाफ के प्रभारी के संयुक्त नेतृत्व में पुलिस छापामारी कर रही है। पटियाला पुलिस की संदिग्ध भूमिका के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि शाम के समय पटियाला पुलिस के जवान आरोपी को खाना खिलाने के लिए बस से क्यों नीचे उतरे, जांच के बाद ही कुछ कहा जा सकेगा। उन्होंने कहा कि अगर पुलिस कर्मियों की भूमिका पाई गई तो कार्रवाई होगी। घायल हवलदार लक्ष्मण सिंह के बारे में उन्होंने कहा कि फरीदकोट मेडिकल कालेज में उसका इलाज चल रहा है और उसकी हालत खतरे से बाहर है।
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पुलिस पर उठ रहे सवाल
1. फिरोजपुर कचहरी के आसपास कई ढाबे, वहां क्यों नहीं खाया खाना?
2. फिरोजपुर से बस पर सवार होने के बाद क्यों उतरे घल्लखुर्द की दो नहरों के पास?
3. तीनों मुलाजिमों के पास बंदूक होने के बावजूद क्यों नहीं चलाई आरोपियों पर गोली?
4. आरोपियों के कैसे पता था कि बस से घल्लखुर्द नहरों के पास उतरेंगे और खाएंगे भोजन?
5. कुख्यात तस्कर हरभजन को नाभा जेल के अधिकारियों ने स्पेशल गाड़ी से क्यों नहीं भेजा?
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7. फिरोजपुर से लुधियाना व पटियाला की सीधी क्यों नहीं पकड़ी बस?