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Jalandhar News: केंद्र सरकार के खिलाफ आप सांसद सुशील रिंकू ने शरीर को लोहे की जंजीरों से बांधकर संसद के बाहर किया प्रदर्शन
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जालंधर। आम आदमी पार्टी (आप) के सांसद सुशील कुमार रिंकू ने केन्द्र सरकार के खिलाफ अनोखे ढंग से प्रदर्शन किया है। रिंकू ने संसद भवन के बाहर अपने शरीर को लोहे की जंजीरों से जकड़ा और संसद को आजाद करो व लोकतंत्र को आजाद करो के नारे लगाए।
शुक्रवार को रिंकू ने संसद भवन के बाहर चक्कर लगाया और संविधान निर्माता बाबा साहब डॉक्टर भीम राम अंबेडकर की मूर्ति के आगे जाकर प्रदर्शन किया। वह अकेले ही अपने आप को लोहे की जंजीरों में बांधकर प्रदर्शन कर रहे थे। रिंकू ने कहा कि केंद्र सरकार ने देश के संविधान, संसद और कानून को गुलामी की जंजीरों में कैद कर रखा है। देश के लोकतंत्र का चारों स्तंभ विधायिका, कार्यपालिका, न्यायपालिका और मीडिया खतरे में है। देश में एक ऐसी सरकार है जो न संविधान को मानती है और न ही देश की सुप्रीम न्याय व्यवस्था में विश्वास रखती है। मोदी सरकार सुप्रीम कोर्ट के फैसले को भी न मानकर और नियमों-कानूनों को ताक पर रखकर मनमर्जी से काम कर रही है। उन्होंने कहा कि संसद में विपक्ष की आवाज को दबाया जा रहा है और उन्हें जानबूझकर निलंबित किया जा रहा है।
मालूम हो कि सदन में दिल्ली सेवा बिल की कापियां वेल में आकर फाड़ने के कारण सुशील रिंकू को पूरे सत्र के लिए सस्पेंड किया गया था। रिंकू जब संसद भवन के बाहर प्रदर्शन कर रहे थे तो वहां पर राहुल गांधी और कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे भी गए और उनके इस कदम की सराहना की। ब्यूरो
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शुक्रवार को रिंकू ने संसद भवन के बाहर चक्कर लगाया और संविधान निर्माता बाबा साहब डॉक्टर भीम राम अंबेडकर की मूर्ति के आगे जाकर प्रदर्शन किया। वह अकेले ही अपने आप को लोहे की जंजीरों में बांधकर प्रदर्शन कर रहे थे। रिंकू ने कहा कि केंद्र सरकार ने देश के संविधान, संसद और कानून को गुलामी की जंजीरों में कैद कर रखा है। देश के लोकतंत्र का चारों स्तंभ विधायिका, कार्यपालिका, न्यायपालिका और मीडिया खतरे में है। देश में एक ऐसी सरकार है जो न संविधान को मानती है और न ही देश की सुप्रीम न्याय व्यवस्था में विश्वास रखती है। मोदी सरकार सुप्रीम कोर्ट के फैसले को भी न मानकर और नियमों-कानूनों को ताक पर रखकर मनमर्जी से काम कर रही है। उन्होंने कहा कि संसद में विपक्ष की आवाज को दबाया जा रहा है और उन्हें जानबूझकर निलंबित किया जा रहा है।
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मालूम हो कि सदन में दिल्ली सेवा बिल की कापियां वेल में आकर फाड़ने के कारण सुशील रिंकू को पूरे सत्र के लिए सस्पेंड किया गया था। रिंकू जब संसद भवन के बाहर प्रदर्शन कर रहे थे तो वहां पर राहुल गांधी और कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे भी गए और उनके इस कदम की सराहना की। ब्यूरो
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