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22 लाख की लूट के मामले में ड्राइवर निकला मास्टरमाइंड, 13.57 लाख रुपये बरामद
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बटाला-जालंधर रोड मेहता थाना क्षेत्र में 25 दिसंबर को हुई कारोबारी के ड्राइवर व एक अन्य कर्मचारी से 22 लाख रुपये की लूट के मामले में कारोबारी का कार चालक ही लुटेरों का साथी निकला। उसे कारोबारी के पास पैसे होने की पल-पल की जानकारी थी और उसने ही 5 अन्य साथियों के साथ मिलकर लूट का प्लान बनाया। इसमें कार चालक सहित 5 लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया, जबकि इनके एक अन्य साथी की तलाश की जा रही है। यह जानकारी एसएसपी देहाती राकेश कौशल ने वीरवार को एक प्रेस कांफ्रेंस में दी। इस अवसर पर एसपी (डी.) मुकेश ठाकुर और एसपी अमनदीप कौर भी उपस्थित थीं।
एसएसपी ने बताया कि आरोपी कार चालक हरविंदर सिंह उर्फ काला निवासी भुल्लर, बटाला के कारोबारी के पास चालक के रूप में काम करता था। कारोबारी के पास कब-कब पैसा आता है, उसे पूरी जानकारी रहती थी। 25 दिसंबर को चालक ने कारोबारी के एक अन्य कर्मचारी के साथ 25 लाख रुपये लेकर लुधियाना से पुरानी बसें खरीदने जाना था। काला ने पहले से ही लूट की योजना बना ली थी।
आरोपी ने कोटली सूरत मल्लियां के निर्मल सिंह उर्फ निम्मा, वड़ैच गांव के सुखप्रीत सिंह उर्फ काला और भुल्लर गांव के अमरजीत सिंह उर्फ अमरू (आरोपी काला का सगा भाई) व एक अन्य ने 25 दिसंबर को मेहता कस्बा में लूट की कहानी बनाकर पुलिस को बताई। राकेश कौशल ने बताया कि प्राथमिक जांच के दौरान ही आरोपी चालक और उसके साथी की जैकेट से 3 लाख रुपये बरामद हो गए थे।
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इसके बाद मेहता थाना में 22 लाख रुपये लूटे जाने की एफआईआर दर्ज की गई। जांच में कार चालक काला को मेहता थाने की पुलिस ने 3 लाख रुपये, जबकि कलानौर थाने की पुलिस ने 3 जनवरी 2022 को काला के चार साथियों को गिरफ्तार कर 10.57 लाख रुपये बरामद किए। इस तरह पुलिस ने 13.57 लाख रुपये बरामद कर लिए गए। पुलिस कलानौर में गिरफ्तार किए गए काला के साथियों को भी गिरफ्तार कर ले आई है। इनके एक अन्य साथी को भी जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा और लूट के 3 लाख रुपये भी बरामद कर लिए जाएंगे।
मेहता के इंस्पेक्टर का नाम डीजीपी डिस्क के लिए भेजा
एसएसपी राकेश कौशल ने बताया कि इस लूट मामले का खुलासा करने और बरामदगी करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले मेहता के थाना प्रभारी इंस्पेक्टर मुख्तियार सिंह को डीजीपी डिस्क दिए जाने की सिफारिश की गई है। इसके अलावा इस टीम में शामिल हर कर्मचारी को कोमेंडेशन सर्टिफिकेट दिए जाने की भी उन्होंने डीजीपी से सिफारिश की है।
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एसएसपी ने बताया कि आरोपी कार चालक हरविंदर सिंह उर्फ काला निवासी भुल्लर, बटाला के कारोबारी के पास चालक के रूप में काम करता था। कारोबारी के पास कब-कब पैसा आता है, उसे पूरी जानकारी रहती थी। 25 दिसंबर को चालक ने कारोबारी के एक अन्य कर्मचारी के साथ 25 लाख रुपये लेकर लुधियाना से पुरानी बसें खरीदने जाना था। काला ने पहले से ही लूट की योजना बना ली थी।
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आरोपी ने कोटली सूरत मल्लियां के निर्मल सिंह उर्फ निम्मा, वड़ैच गांव के सुखप्रीत सिंह उर्फ काला और भुल्लर गांव के अमरजीत सिंह उर्फ अमरू (आरोपी काला का सगा भाई) व एक अन्य ने 25 दिसंबर को मेहता कस्बा में लूट की कहानी बनाकर पुलिस को बताई। राकेश कौशल ने बताया कि प्राथमिक जांच के दौरान ही आरोपी चालक और उसके साथी की जैकेट से 3 लाख रुपये बरामद हो गए थे।
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इसके बाद मेहता थाना में 22 लाख रुपये लूटे जाने की एफआईआर दर्ज की गई। जांच में कार चालक काला को मेहता थाने की पुलिस ने 3 लाख रुपये, जबकि कलानौर थाने की पुलिस ने 3 जनवरी 2022 को काला के चार साथियों को गिरफ्तार कर 10.57 लाख रुपये बरामद किए। इस तरह पुलिस ने 13.57 लाख रुपये बरामद कर लिए गए। पुलिस कलानौर में गिरफ्तार किए गए काला के साथियों को भी गिरफ्तार कर ले आई है। इनके एक अन्य साथी को भी जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा और लूट के 3 लाख रुपये भी बरामद कर लिए जाएंगे।
मेहता के इंस्पेक्टर का नाम डीजीपी डिस्क के लिए भेजा
एसएसपी राकेश कौशल ने बताया कि इस लूट मामले का खुलासा करने और बरामदगी करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले मेहता के थाना प्रभारी इंस्पेक्टर मुख्तियार सिंह को डीजीपी डिस्क दिए जाने की सिफारिश की गई है। इसके अलावा इस टीम में शामिल हर कर्मचारी को कोमेंडेशन सर्टिफिकेट दिए जाने की भी उन्होंने डीजीपी से सिफारिश की है।