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Amritsar News: ईएसआई अस्पताल में दो माह से वेतन नहीं, स्टाफ हड़ताल पर
Thu, 20 Aug 2026 06:30 PM IST
चंडीगढ़ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अमृतसर
संवाद न्यूज एजेंसी, अमृतसर
Updated Thu, 20 Aug 2026 06:30 PM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
अमृतसर। मजीठा रोड स्थित सरकारी ईएसआई अस्पताल का स्टाफ पिछले दो माह से वेतन न मिलने के कारण अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चला गया है। इस हड़ताल से अस्पताल की ओपीडी और सामान्य स्वास्थ्य सेवाएं बंद हो गई हैं। प्रतिदिन 300 से अधिक मरीज प्रभावित हो रहे हैं।
स्टाफ ने मेडिकल सुपरिटेंडेंट के दफ्तर के बाहर प्रदर्शन कर सरकारी तंत्र के खिलाफ नारेबाजी की। कर्मचारियों का आरोप है कि बार-बार अधिकारियों का ध्यान दिलाने के बावजूद वेतन जारी करने पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। ममता शर्मा और केवल सिंह ने कहा कि समय पर वेतन न मिलने से उनके घर का बजट बिगड़ गया है। उन्होंने मरीजों की पीड़ा समझने की बात कही। हालांकि, उन्होंने बताया कि वेतन के अभाव में उनके घरों में चूल्हा जलाना मुश्किल हो रहा है। कर्मचारियों का कहना है कि यदि सरकार ईमानदारी से ड्यूटी की उम्मीद करती है, तो समय पर वेतन देना उसकी बुनियादी जिम्मेदारी है। डॉक्टरों ने बताया कि आपातकालीन सेवाएं चालू हैं।
ईएसआई अस्पताल में हर रोज 300 से अधिक मरीज ओपीडी में इलाज और डॉक्टरी सलाह लेने पहुंचते हैं। स्टाफ की हड़ताल के कारण इन मरीजों को सामान्य ओपीडी सेवाओं का लाभ नहीं मिल सका। इससे उन्हें भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। अस्पताल में सुबह से ही मरीज और उनके परिजनों में निराशा देखी गई।
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अमृतसर। मजीठा रोड स्थित सरकारी ईएसआई अस्पताल का स्टाफ पिछले दो माह से वेतन न मिलने के कारण अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चला गया है। इस हड़ताल से अस्पताल की ओपीडी और सामान्य स्वास्थ्य सेवाएं बंद हो गई हैं। प्रतिदिन 300 से अधिक मरीज प्रभावित हो रहे हैं।
स्टाफ ने मेडिकल सुपरिटेंडेंट के दफ्तर के बाहर प्रदर्शन कर सरकारी तंत्र के खिलाफ नारेबाजी की। कर्मचारियों का आरोप है कि बार-बार अधिकारियों का ध्यान दिलाने के बावजूद वेतन जारी करने पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। ममता शर्मा और केवल सिंह ने कहा कि समय पर वेतन न मिलने से उनके घर का बजट बिगड़ गया है। उन्होंने मरीजों की पीड़ा समझने की बात कही। हालांकि, उन्होंने बताया कि वेतन के अभाव में उनके घरों में चूल्हा जलाना मुश्किल हो रहा है। कर्मचारियों का कहना है कि यदि सरकार ईमानदारी से ड्यूटी की उम्मीद करती है, तो समय पर वेतन देना उसकी बुनियादी जिम्मेदारी है। डॉक्टरों ने बताया कि आपातकालीन सेवाएं चालू हैं।
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ईएसआई अस्पताल में हर रोज 300 से अधिक मरीज ओपीडी में इलाज और डॉक्टरी सलाह लेने पहुंचते हैं। स्टाफ की हड़ताल के कारण इन मरीजों को सामान्य ओपीडी सेवाओं का लाभ नहीं मिल सका। इससे उन्हें भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। अस्पताल में सुबह से ही मरीज और उनके परिजनों में निराशा देखी गई।
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