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पवित्र काली बेईं में अब भी गिर रहा गंदा पानी
ब्यूरो, अमर उजाला/अमृतसर
Updated Thu, 12 May 2016 09:21 PM IST
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पंजाब प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड की बैठक में संत सीचेवाल काली बेईं में गंदा पानी गिरने के मुद्दे को लेकर बातचीत करते हुए।
- फोटो : amarujala
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सीचेवाल मॉडल के नमामि गंगे के लिए चुने जाने के बावजूद प्रशासनिक ढिलाई के चलते पवित्र काली बेईं में गंदे पानी का गिरना न थमने से संत बलबीर सिंह सीचेवाल खफा हैं। कपूरथला में काली बेईं के किनारे बसे गांवों के छप्पड़ों पर मोटर लगाने के लिए कोठियां (कमरे) काफी लंबे अर्से से बनकर तैयार हैं, लेकिन अभी मोटर कनेक्शन न लगने से बेईं की निर्मलता में गंदगी जारी है।
संत सीचेवाल ने होशियारपुर, कपूरथला और जालंधर के डीसी से बैठक करके इस मुद्दे को उठाया और गंदे पानी की रोकथाम के लिए तुरंत कार्रवाई और मोटर कनेक्शन जारी करने की बात कही।
डीसी कपूरथला जसकिरण सिंह ने बेईं के किनारे बसे 50 गांवों के छप्पड़ों के लिए अधिकारियों को 31 मई तक मोटर कनेक्शन हर हाल में जारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने इस मामले में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई अमल में लाने की भी चेतावनी दी।
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इन बैठकों में मौजूद रहे पंजाब प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड के चेयरमैन मनप्रीत सिंह छत्तवाल ने अधिकारियों को हिदायत दी कि बेईं की पवित्रता को बहाल रखने के लिए फंड होने के बावजूद लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों को बख्शा नहीं जाएगा। डीसी जसकिरण सिंह ने बताया कि छप्पड़ों पर मोटर लगने के बाद गंदे पानी को ट्रीट करके उस पानी को खेती के लिए इस्तेमाल में लाने के लिए सीचेवाल मॉडल का रस्मी तौर पर उद्घाटन करने मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल आएंगे।
होशियारपुर की डीसी आनंदिता मित्रा ने पवित्र बेईं में जिले के 12 गांवों में गिरने वाले गंदे पानी की रोकथाम निर्धारित समय में करने की हिदायत दी। जालंधर के डीसी कमल किशोर यादव ने बैठक के दौरान कैबिनेट मंत्री अजीत सिंह कोहाड़ की उपस्थिति में कहा कि दो गांवों सराय खास और नौगज्जा के गंदे पानी को ट्रीट करने के लिए छप्पड़ों की खुदाई करवा दी जाएगी और पानी को खेती को लगाने योग्य बना जाएगा।
संत सीचेवाल ने इस दौरान काला संघिया ड्रेन की सफाई का मामला भी उठाया। डीसी ने बताया कि काला संघिया ड्रेन की सफाई 25 जून तक पूरी कर दी जाएगी और इस पर 80 लाख रुपये का खर्च आएगा। बस्ती पीरदाद ट्रीटमेंट प्लांट के लिए रेलवे लाइन के नीचे वाली पाइपलाइन का काम भी 15 जून तक पूरा हो जाएगा। इस दौरान संत सुखजीत सिंह, पंजाब प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड के सदस्य सचिव बाबू राम और निगरान इंजीनियर संदीप बहल मौजूद थे।
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संत सीचेवाल ने होशियारपुर, कपूरथला और जालंधर के डीसी से बैठक करके इस मुद्दे को उठाया और गंदे पानी की रोकथाम के लिए तुरंत कार्रवाई और मोटर कनेक्शन जारी करने की बात कही।
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डीसी कपूरथला जसकिरण सिंह ने बेईं के किनारे बसे 50 गांवों के छप्पड़ों के लिए अधिकारियों को 31 मई तक मोटर कनेक्शन हर हाल में जारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने इस मामले में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई अमल में लाने की भी चेतावनी दी।
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इन बैठकों में मौजूद रहे पंजाब प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड के चेयरमैन मनप्रीत सिंह छत्तवाल ने अधिकारियों को हिदायत दी कि बेईं की पवित्रता को बहाल रखने के लिए फंड होने के बावजूद लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों को बख्शा नहीं जाएगा। डीसी जसकिरण सिंह ने बताया कि छप्पड़ों पर मोटर लगने के बाद गंदे पानी को ट्रीट करके उस पानी को खेती के लिए इस्तेमाल में लाने के लिए सीचेवाल मॉडल का रस्मी तौर पर उद्घाटन करने मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल आएंगे।
होशियारपुर की डीसी आनंदिता मित्रा ने पवित्र बेईं में जिले के 12 गांवों में गिरने वाले गंदे पानी की रोकथाम निर्धारित समय में करने की हिदायत दी। जालंधर के डीसी कमल किशोर यादव ने बैठक के दौरान कैबिनेट मंत्री अजीत सिंह कोहाड़ की उपस्थिति में कहा कि दो गांवों सराय खास और नौगज्जा के गंदे पानी को ट्रीट करने के लिए छप्पड़ों की खुदाई करवा दी जाएगी और पानी को खेती को लगाने योग्य बना जाएगा।
संत सीचेवाल ने इस दौरान काला संघिया ड्रेन की सफाई का मामला भी उठाया। डीसी ने बताया कि काला संघिया ड्रेन की सफाई 25 जून तक पूरी कर दी जाएगी और इस पर 80 लाख रुपये का खर्च आएगा। बस्ती पीरदाद ट्रीटमेंट प्लांट के लिए रेलवे लाइन के नीचे वाली पाइपलाइन का काम भी 15 जून तक पूरा हो जाएगा। इस दौरान संत सुखजीत सिंह, पंजाब प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड के सदस्य सचिव बाबू राम और निगरान इंजीनियर संदीप बहल मौजूद थे।