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राम नाम ही टेंशन को दूर करने का एक मात्र मंत्र
Updated Wed, 14 Mar 2018 10:49 PM IST
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गांव थानेवाल में संत सम्मेलन संपन्न
बटाला/गुरदासपुर। गांव थानेवाल के अद्वैत स्वरूप आश्रम में आयोजित दो दिवसीय संत सम्मेलन संपन्न हो गया। इसकी अध्यक्षता मुजफ्फरनगर से पहुंचे संत विश्वास पुरी ने की। इसमें विशेष अतिथि के रूप में यूपी से संत बेअंतपुरी जी, महामंडलेश्वर मैत्री गिरि जी, संत निरंतरपुरी जी मेेरठ से और संत शिव पुरी जी रुड़की से विशेष रूप में शामिल हुए। पहले दिन गांव थानेवाल में एक पालकी साहिब में गुरु स्वरूपानंद जी महाराज की प्रतिमा को सुशोभित कर शोभा यात्रा निकाली गई। इसमें क्षेत्र के श्रद्धालुओं ने बढ़ चढ़ कर हिस्सा लिया। इस दौरान जगह-जगह लंगरों के स्टाल थे और आतिशबाजी की जा रही थी। झंडा रोहण के बाद संत बेअंतपुरी और महामंडलेश्वर मैत्री गिरि जी ने कहा कि आज का युग टेंशन का है, जिसे भी देखों वह टेंशन में है, लेकिन इनकी बस एक ही दवा है और वह राम नाम है। उन्होंने स्वदेशी संस्कारों को धारण करने के लिए प्रेरित किया। समारोह के अंत में गुरु का अटूट लंगर भी लगाया गया।
फोटो- 14 जीडीआरबीटीएलपी01
कैप्शन- गांव थानेवाल में संत सम्मेलन के दौरान महामंडलेश्वर मैत्री गिरि जी प्रवचन करते हुए।
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बटाला/गुरदासपुर। गांव थानेवाल के अद्वैत स्वरूप आश्रम में आयोजित दो दिवसीय संत सम्मेलन संपन्न हो गया। इसकी अध्यक्षता मुजफ्फरनगर से पहुंचे संत विश्वास पुरी ने की। इसमें विशेष अतिथि के रूप में यूपी से संत बेअंतपुरी जी, महामंडलेश्वर मैत्री गिरि जी, संत निरंतरपुरी जी मेेरठ से और संत शिव पुरी जी रुड़की से विशेष रूप में शामिल हुए। पहले दिन गांव थानेवाल में एक पालकी साहिब में गुरु स्वरूपानंद जी महाराज की प्रतिमा को सुशोभित कर शोभा यात्रा निकाली गई। इसमें क्षेत्र के श्रद्धालुओं ने बढ़ चढ़ कर हिस्सा लिया। इस दौरान जगह-जगह लंगरों के स्टाल थे और आतिशबाजी की जा रही थी। झंडा रोहण के बाद संत बेअंतपुरी और महामंडलेश्वर मैत्री गिरि जी ने कहा कि आज का युग टेंशन का है, जिसे भी देखों वह टेंशन में है, लेकिन इनकी बस एक ही दवा है और वह राम नाम है। उन्होंने स्वदेशी संस्कारों को धारण करने के लिए प्रेरित किया। समारोह के अंत में गुरु का अटूट लंगर भी लगाया गया।
फोटो- 14 जीडीआरबीटीएलपी01
कैप्शन- गांव थानेवाल में संत सम्मेलन के दौरान महामंडलेश्वर मैत्री गिरि जी प्रवचन करते हुए।