करतारपुर कॉरिडोरः रास्ते में आ रहे संत सरोवर की जगह को लेकर मंदिर कमेटी और प्रशासन में सहमति बनी
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
करतारपुर कॉरिडोर के रास्ते में रास्ते में आ रहे संत सरोवर और उसमें स्थापित हिंदू देवी देवताओं की मूर्ति हटाने के धर्म संकट को दूर करने के लिए वीरवार को एसडीएम डेरा बाबा नानक गुरसिमरनजीत सिंह ढिल्लों ने मंदिर परिसर में संत समाज के संतों से एक बैठक की। बैठक करीब चार घंटे तक चली।
बैठक के बाद मंदिर कमेटी प्रबंधन कमेटी कॉरिडोर के लिए रास्ता देने को तैयार हो गई। वहीं मंदिर कमेटी के पदाधिकारियों का कहना है कि संत सरोवर में स्थापित मूर्तियों से कोई छेड़छाड़ नहीं होनी चाहिए और न ही निर्माण कार्य के दौरान मूर्तियों का कोई नुकसान होना चाहिए। वहीं मंदिर कमेटी के पदाधिकारियों ने आश्वासन दिया है कि वह भी कॉरिडोर बनने का समर्थन करते हैं।
वहीं मंदिर प्रबंधक कमेटी ने मंदिर की दीवार को हटाकर कॉरिडोर के लिए रास्ता देने का समर्थन भी दिया है। इस संबंध में मंदिर प्रबंध कमेटी के संत जोंगिदरा नंद राजस्थान वाले और संत दूनी चंद ने कहा कि उन्होंने प्रशासन को कहा है कि वह कॉरिडोर को रोकने के पक्ष में नहीं है मगर मूर्तियां सुरक्षित रहनी चाहिए।
प्रशासन ने मान लिया है कि वह मूर्तियों से छेड़छाड़ नहीं करेंगे। उन्होंने कहा कि उन्होंने प्रशासन को कहा कि जो मंदिर की दीवार रोड के साथ आ रही है वह जगह प्रशासन ले सकता है। उन्होंने बताया कि उन्होंने प्रशासन से कहा है कि निर्माण कार्य के दौरान मंदिर में स्थापित मूर्तियों की तोड़-फोड़ नहीं होनी चाहिए। वह कॉरिडोर को चलाने के पक्ष में हैं।
उनकी तरफ से कोई रोक-टोक नहीं है और वह सरकार को अपना सहयोग देंगे। इस संबंध में एसडीएम डेरा बाबा नानक गुरसिमरनजीत सिंह ढिल्लों ने बताया कि संत सरोवर की कुछ जगह जो लाइनमेंट के साथ लग रही है, उसके संबंध में मंदिर के प्रबंधक कमेटी से बातचीत के लिए आए हैं। उन्होंने कहा कमेटी के तरफ से प्रशासन को पूरा सहयोग देने का आश्वासन दिया है।
उन्होंने कहा कि कंस्ट्रक्शन का काम पूरी धार्मिक मर्यादा के बीच रह कर कर ही किया जाएगा। उन्होंने बताया कि किसी भी मूर्ति को हटाया नहीं जाएगा क्योंकि मूर्तियों के स्वरूप पहले ही आरओडब्लयू से बाहर है। एसडीएम ने बताया कि संत सरोवर की दीवार का कुछ हिस्सा रास्ते में आता है उसे एकवायर किया जाएगा और कानून के अनुसार उनका जो बनता मुआवजा है, वह जल्द ही दे दिया जाएगा।