कहा जाता है कि शराब वो रोग है जो शरीर के साथ-साथ घरों को बर्बाद कर देता है। बावजूद इसके लोग शराब के सेवन से परहेज नहीं करते। यही वजह है कि कई बार लोग शराब का सेवन करने से हादसों का शिकार होते हैं तो कई बार अकाल मौत के मुंह में समा जाते हैं। ऐसा ही मामला आजमगढ़ जिले में सामने आया है। आगे की स्लाइड्स में जानिए
आजमगढ़ के रौनापार थाना क्षेत्र के सरदौली गरथौली बुढ़ानपुर केवटहिया और ओड़रा सलेमपुर गांव में गुरुवार की रात जहरीली शराब पीने से 10 लोगों की मौत हो गई जबकि 9 को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। वहीं गंभीर रूप से बीमार तीन लोगों का निजी अस्पतालों में इलाज चल रहा है। इन लोगों ने अपने गांव में एक-दूसरे के यहां से शराब खरीदकर पी थी।
घटना की सूचना मिलने डीआईजी, एसपी, आबकारी के डिप्टी कमिश्नर मौके पर पहुंच गए। ग्रामीणों की मांग पर पुलिस ने दो लोगों की मौत को स्वाभाविक बताते हुए उनके शवों को बगैर पोस्टमार्टम के अंतिम संस्कार के लिए सौंप दिया जबकि छह लोगों की लाश को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। घटना के बाद छापेमारी शुरू कर दी।
शुक्रवार की सुबह जहरीली शराब पीने की वजह से कोई घर में तो कोई खेत में मृत मिलने की पड़ा मिलने की जानकारी होने पर गांव के लोगों में हड़कंप मच गया। कई पीड़ितों को परिवार के लोगों ने लाकर अस्पताल में भर्ती कराया। बीमार लोगों ने बताया कि इन लोगों ने गांव में ही एक-दूसरे के घर से शराब खरीदकर पी थी। देर रात शराब पीने के बाद उनकी हालत बिगड़ने लगी।
सुबह आंखों के सामने अंधेरा छाने लगा और उल्टी-दस्त होने लगी। जहरीली शराब पीने से जान गंवाने वालों में रौनापार थाना क्षेत्र के सरदौली गरथौली बुढ़ानपुर केवटहिया गांव निवासी चरित्र निषाद (80), रामवृक्ष (75), रामनयन (65), शिवकुमार (18), रामप्रीत (35), पड़ोसी गांव रसूलपुर निवासी सोबरी (35) और ओड़रा सलेमपुर निवासी केशव पासी (45) और बिलरियागंज थाना क्षेत्र के वरुना जगदीशपुर गांव निवासी अरविंद (32) शामिल हैं।