इस बार कार्तिक पूर्णिमा 12 नवंबर को है और इस दिन को सिख धर्म के संस्थापक गुरु नानक देव जी के जन्म दिवस के रूप में मनाया जाता है। प्रकाश पर्व के दिन गुरुद्वारों पर विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया जाता है। प्रकाश पर्व के इस मौके पर हम आपको भारत में स्थित 10 ऐसे गुरुद्वारों के बारे में बताने जा रहे है जहां पर सिख धर्म के अनुयायियों की गहरी आस्था है।
Guru Nanak Jayanti 2019: देश के इन 10 प्रसिद्ध गुरुद्वारों में बरसती है गुरु नानक देव जी की कृपा
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स्वर्ण मंदिर, पंजाब
पंजाब प्रांत के अमृतसर में बना स्वर्ण मंदिर गुरुद्वारा हरमिंदर साहिब सिंह के नाम से भी जाना जाता है। यह गुरुद्वारा पूरे संसार में अपनी खूबसूरती के चलते प्रसिद्ध है। इस गुरुद्वारे की दीवारे सोने की बनी हुई है। इस गुरुद्वारे की स्थापना महाराजा रणजीत सिंह ने की थी।
श्री हेमकुंड साहिब गुरुद्वारा, उत्तराखंड
सिखों के दसवें गुरु गोविन्द सिंह नें इस गुरद्वारे का निर्माण किया था। यह गुरुद्वारा उत्तराखंड के चमोली जिले में स्थित है और पहाड़ों और झील के किनारे पर बना है।
शीशगंज गुरुद्वारा, दिल्ली
देश की राजधानी दिल्ली के चांदनी चौक में स्थित गुरुद्वारे शीशगंज को बघेल सिंह ने सिख धर्म के नौवें सिख गुरु तेग बहादुर की शहादत की याद में बनवाया था। यह वही स्थान है जहां बादशाह औरंगजेब ने सिखों के नौवें गुरु, गुरु तेग बहादुर के इस्लाम स्वीकार न करने पर उनकी हत्या करवा दी थी।
फतेहगढ़ साहिब गुरुद्वारा, पंजाब
फतेहगढ़ साहिब गुरुद्वारा साहिबजादा फतेह सिंह और जोरावर सिंह की शहादत की याद में बनवाया गया था। यह गुरुद्वारा वास्तुकला का एक नायाब नमूना है।