फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

Adhik Mass 2020: जब मां लक्ष्मी के श्राप से भगवान विष्णु का सिर धड़ से हुआ अलग

Fri, 18 Sep 2020 10:42 AM IST
रुस्तम राणा धर्म डेस्क, अमर उजाला
धर्म डेस्क, अमर उजाला Published by: रुस्तम राणा Updated Fri, 18 Sep 2020 10:42 AM IST
विज्ञापन
Adhik Mass 2020 when Goddess Lakshmi gave curse to God Vishnu
अधिकमास 2020: - फोटो : अमर उजाला

अधिक मास आज से प्रारंभ हो गया है जो अगले महीने 16 अक्टूबर को समाप्त होगा। अधिक मास को मलमास भी कहा जाता है। ऐसा कहा जाता है कि जिस महीने सूर्य संक्रांति नहीं होती है उसे अधिक मास कहा जाता है। अधिक मास में भगवान विष्णु की आराधना करना बेहद ही फलदायी माना जाता है। 



शास्त्रों में लिखा है कि भगवान विष्णु के दस अवतार होंगे। इनमें अबतक नौ अवतार हो चुके हैं। दसवें अवतार की अब प्रतीक्षा जो कल्कि अवतार कहलाएगा। भगवान विष्णु के दस अवतारों में एक अवतार ऐसा है जो भगवान विष्णु को देवी लक्ष्मी के श्राप के कारण लेना पड़ा था। इस अवतार के विषय में देवी भागवत् पुराण में जो कथा मिलती है उसे पढ़कर आप हैरान रह जाएंगे।

Adhik Mass 2020 when Goddess Lakshmi gave curse to God Vishnu
अधिक मास में विष्णु जी की होती है आराधना - फोटो : सोशल मीडिया

एक समय भगवान विष्णु और देवी लक्ष्मी बैकुण्ठ में विराजमान थे। उस समय देवी लक्ष्मी के सुंदर रूप को देखकर भगवान विष्णु मुस्कुराने लगे। देवी लक्ष्मी को लगा कि भगवान विष्णु उनके सौन्दर्य की हंसी उड़ा रहे हैं। देवी ने इसे अपना अपमान समझ लिया और भगवान विष्णु को शाप दे दिया कि आपका सिर धड़ से अलग हो जाए।

इस श्राप का परिणाम यह हुआ कि एक बार भगवान विष्णु युद्घ करते हुए बहुत थक गए तो धनुष की प्रत्यंचा चढ़ाकर उसे धरती पर टिका दिया और उस पर सिर लगाकर सो गए। कुछ समय बाद जब देवाताओं ने यज्ञ का आयोजन किया तो भगवान विष्णु को निद्रा से जगाने के लिए धनुष की प्रत्यंचा कटवा दिया। प्रत्यंचा कटते ही उसने भगवान विष्णु के गर्दन पर प्रहार हुआ और भगवान का सिर धड़ से अलग हो गया।

Adhik Mass 2020 when Goddess Lakshmi gave curse to God Vishnu
भगवान विष्णु - फोटो : सोशल मीडिया

इसके बाद आदिशक्ति का देवताओं ने आह्वान किया। देवी ने बताया कि आप भगवान विष्णु के धड़ में घोड़े का सिर लगवा दें। देवताओं ने विश्वकर्मा के सहयोग से भगवान विष्णु के धड़ में घोड़े का सिर जोड़ दिया और यह अवतार हयग्रीव अवतार कहलाया।

इस अवतार में भगवान विष्णु ने हयग्रीव नाम के ही एक दैत्य का वध किया था जिसे देवी से यह वरदान प्राप्त हुआ था कि उसकी मृत्यु केवल उसी व्यक्ति के हाथों से हो सकती है जिसका सिर घोड़े का हो और शरीर मनुष्य का। इस तरह भगवान विष्णु का यह अवतार लेना सफल हुआ।

अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें आस्था समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। आस्था जगत की अन्य खबरें जैसे पॉज़िटिव लाइफ़ फैक्ट्स,स्वास्थ्य संबंधी सभी धर्म और त्योहार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed