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Dussehra 2025: दशहरा पर न करें ये 5 गलतियां, वरना भुगतना पड़ सकता है भारी नुकसान
धर्म डेस्क, अमर उजाला
Published by: श्वेता सिंह
Updated Wed, 01 Oct 2025 04:14 PM IST
सार
Avoid these Mistakes On Dussehra: दशहरे के दिन किए गए शुभ कार्यों का जीवन पर सकारात्मक और दीर्घकालिक प्रभाव पड़ता है। लेकिन कुछ सी बातें भी होती हैं जिन्हें इस दिन करने से अशुभ फल मिल सकते हैं। आइए जानते हैं वे कौन-से 5 काम हैं जिन्हें दशहरे के दिन भूलकर भी नहीं करना चाहिए।
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दशहरा पर की गई इन गलतियों से हो सकता है भरी नुकसान
- फोटो : amar ujala
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Dussehra dos and don’ts : बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक पर्व दशहरा इस बार 02 अक्तूबर 2025, गुरुवार को मनाया जाएगा। इसे विजयादशमी भी कहा जाता है, और यह पर्व सनातन धर्म में आस्था रखने वाले लोगों के लिए विशेष महत्व रखता है। पौराणिक कथाओं के अनुसार, त्रेता युग में इसी दिन भगवान श्रीराम ने रावण का वध कर अधर्म पर धर्म की विजय स्थापित की थी। इसलिए इस दिन को केवल एक उत्सव ही नहीं, बल्कि धर्म, साहस और सत्य की जीत का उत्सव माना जाता है।
झूठ और छल से दूर रहें
दशहरा सत्य और धर्म का पर्व है, इसलिए इस दिन झूठ बोलना या किसी को धोखा देना बिल्कुल सही नहीं होता। ऐसा करने से जीवन में अविश्वास और परेशानियां बढ़ती हैं। यह दिन हमें सिखाता है कि सत्य की ही हमेशा जीत होती है, इसलिए इस मौके पर हमेशा सच का ही साथ दें।
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प्रकृति और पेड़-पौधों का सम्मान करें
- फोटो : instagram
प्रकृति और पेड़-पौधों का सम्मान करें
दशहरा केवल बुराई पर अच्छाई की जीत नहीं, बल्कि प्रकृति और जीवन के संतुलन का भी त्योहार है। इसलिए इस दिन पेड़ों को काटना या पर्यावरण को नुकसान पहुंचाना अशुभ माना जाता है। आप इस दिन नए पौधे लगाएं और प्रकृति के प्रति सम्मान दिखाएं।
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गुस्सा और वाद-विवाद से बचें
- फोटो : Adobe
गुस्सा और वाद-विवाद से बचें
दशहरे के दिन क्रोध करना या किसी से लड़ाई-झगड़ा करना रिश्तों में दरार पैदा कर सकता है। गुस्सा और कठोर बातें नकारात्मक ऊर्जा को बढ़ावा देती हैं। इसलिए इस दिन शांत और सौम्य स्वभाव बनाए रखें ताकि परिवार और मित्रों के साथ खुशहाली बनी रहे।
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परनिंदा और अपमान से बचें
- फोटो : amar ujala
परनिंदा और अपमान से बचें
दूसरों की बुराई करना या किसी का अपमान करना इस पवित्र दिन के लिए बिलकुल भी उचित नहीं है। दशहरा का मतलब है सम्मान और सद्भाव। इसलिए सभी के प्रति आदर और सम्मान का भाव रखें।
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